
आगरा, जेएनएन। मथुरा में रालोद की ऐसी हाहाकारी हार की तो किसी ने कल्पना तक नहीं की थी। भाजपा प्रत्याशी हेमा मालिनी ने मतगणना के हर राउंड में इतनी बुरी तरह चीर-फाड़ की कि हैंडपंप के पुर्जे-पुर्जे बिखर गए। मथुरा-वृंदावन विधानसभा क्षेत्र में तो उनकी इकतरफा लीड मानी जा ही रही थी, पर उन्होंने जिस तरह हर विस क्षेत्र में दहाड़ लगाई, उससे रालोद समर्थक बुरी तरह सिहर गए।
भाजपा प्रत्याशी हेमा मालिनी की इतनी गजब जीत रही कि उसने 2014 का इतिहास याद करा दिया। मथुरा-वृंदावन विस क्षेत्र में उन्होंने रालोद को बुरी तरह धोया। यहां जीत-हार में भारी अंतर रहा। हेमा जहां हर राउंड में अमूमन छह हजार वोट हासिल करती रहीं, वहीं रालोद प्रत्याशी मुश्किल से दो हजार करीब वोट हासिल कर पा रहे थे। कांग्रेस प्रत्याशी की तो और भी बुरी हालत रही। वह महज एक हजार वोट हासिल करने में हांफते रहे।
छाता में उन्होंने चमकदार परचम फहराया। यहां वह हर राउंड में औसतन पांच हजार वोट ले रही थीं तो रालोद प्रत्याशी कुंवर नरेंद्र ङ्क्षसह दो से ढाई हजार के बीच ही वोट ले पा रहे थे। मांट और गोवर्धन में भी यही हालत बनी रही, जबकि बलदेव जो रालोद का गढ़ माना जाता है, वहां भी उन्होंने जीत का अंतर कम नहीं होने दिया। रालोद अपने गढ़ों में ही हांफ गया। बलदेव के तीसरे राउंड में जरूर नरेंद्र ङ्क्षसह को जीत हासिल हुई, लेकिन पूरे संसदीय क्षेत्र में यह एकमात्र राउंड रहा, जिसमें उन्होंने 4569 वोट हासिल किए और हेमा ने 2925 वोट हासिल किए।
गोवर्धन विस क्षेत्र में तीसरे राउंड में कुंवर नरेंद्र सिंह ने जरूर आठ हजार से ज्यादा वोट लिए तो हेमा यहां भी उनसे इक्कीस निकल गई और उन्होंने 11 हजार से ज्यादा वोट ले लिए। इसी तरह मथुरा के तीसरे राउंड में उन्होंने करीब नौ हजार वोटों की बढ़त ली।
Leave a Reply