
यूनिक समय, मथुरा। मंगलवार की सुबह आसमान से बरसी आफत से किसानों की आंखों में आसूं छलछला उठे। वजह थी कि मंडी परिसर में बिकने आई धान की फसल पानी में डूब गई। धान को पानी में डूबा देखकर किसानों का गुस्सा फूट पड़ा। उन्होंने हाइवे पर जाम लगा दिया। नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। किसानों के दर्द की खबर विधायक पूरन प्रकाश तक पहुंची तो वह तत्काल मंडी परिसर पहुंचे। यहां पानी में डूबी फसल को देखा।
मंडी परिसर में व्यवसाय करने वाले व्यापारी (आढ़तिया) और किसानों को यह आभास ही नहीं था कि मंगलवार को इतनी बारिश होगी कि मंडी परिसर पानी से भर जाएगा। मंडी में बिक्री के लिए किसानों द्वारा लाई गई धान की फसल पानी में डूब जाएगी।
हालांकि मौसम को देखते हुए किसानों ने धान की फसल को तिरपाल से ढकने का प्रयास किया, लेकिन पानी की निकासी समुचित ढंग से न होने के कारण जल भराव ने धान की फसल को अपनी चपेट में ले लिया। पानी में डूबी धान की फसल को देखकर किसानों की आंखों से आसूं निकलने लगे। किसानों मंडी परिसर से आ गए । नारेबाजी करते हाइवे पर प्रदर्शन कर करीब आधा घंटे तक जाम लगा दिया।
किसानों के गुस्से की खबर विधायक पूरन प्रकाश तक पहुंची। वह मंडी परिसर पहुंच गए। पानी में डूबी फसल को देखा। उन्होंने किसानों के दर्द को समझा। बोले.. अन्नदाता बर्बाद हो गया। किसानों के प्रदर्शन की बात प्रशासन तक पहुंची। सिटी मजिस्ट्रेट राकेश कुमार और मंडी सचिव ने किसानों की बात सुनी। समझाने का प्रयास किया।
नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।
ये भी पढ़ें: World News: पाकिस्तान के क्वेटा में भीषण बम धमाका, 2 की मौत और 15 घायल
Leave a Reply