Fri, Jun 5th, 2026
Advertisement
Ad
Advertisement
Ad

UP: सोनीपत से सीएम योगी का कड़ा संदेश; “एक संन्यासी कोई निजी संपत्ति नहीं, धर्म ही सर्वोपरि

by Tarun Bhardwaj • January 22, 2026
Advertisement
Ad

यूनिक समय, नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार को हरियाणा के सोनीपत में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान ‘संत और सनातन’ की गरिमा को लेकर कड़ा संदेश दिया है। प्रयागराज माघ मेले में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और प्रशासन के बीच जारी खींचतान के बीच सीएम योगी का यह बयान बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है। उन्होंने दो टूक शब्दों में कहा कि एक सच्चे संन्यासी के लिए राष्ट्र और धर्म से बड़ा कुछ भी नहीं होता।

“सनातन को बदनाम करने की साजिश”

प्रयागराज विवाद की पृष्ठभूमि में मुख्यमंत्री ने किसी का नाम लिए बिना गंभीर प्रहार किया। उन्होंने कहा, “एक संन्यासी की कोई व्यक्तिगत संपत्ति नहीं होती। धर्म ही उसकी असली पूंजी है और राष्ट्र उसका एकमात्र स्वाभिमान। आज कुछ लोग धर्म की आड़ लेकर सनातन को कमजोर करने की साजिश रच रहे हैं। समाज को ऐसे ‘कालनेमि’ रूपी लोगों से सतर्क रहना होगा जो सनातन को बदनाम करने का प्रयास कर रहे हैं।”

राम मंदिर और माघ मेले की सफलता का दिया उदाहरण

सीएम योगी ने अपने संबोधन में अयोध्या के राम मंदिर का जिक्र करते हुए कहा कि जो कभी केवल एक कल्पना लगती थी, वह आज एक मजबूत और सही विचारधारा वाली सरकार के कारण हकीकत बन चुकी है। वहीं, प्रयागराज माघ मेले का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा “मौनी अमावस्या पर साढ़े 4 करोड़ श्रद्धालुओं ने संगम में आस्था की डुबकी लगाई। दुनिया के कई देशों की कुल आबादी भी इतनी नहीं है। यह भारत की आध्यात्मिक शक्ति, संतों का प्रताप और सटीक राजनीतिक नेतृत्व का परिणाम है।”

युवाओं को भविष्य का आधार बताया

सीएम योगी ने युवाओं के विजन पर जोर देते हुए कहा कि किसी भी देश का भविष्य वहां के युवाओं के मन में राष्ट्र के प्रति समर्पण पर निर्भर करता है। उन्होंने कड़े लहजे में चेतावनी दी कि किसी को भी युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ करने का अधिकार नहीं है। उन्होंने आह्वान किया कि अगले एक हजार साल तक पूरी दुनिया में भारत और सनातन का डंका बजना चाहिए।

योगी आदित्यनाथ का यह बयान ऐसे समय में आया है जब स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने सरकार और प्रशासन पर संतों के अपमान का आरोप लगाया है। सीएम ने अपने भाषण के जरिए यह स्पष्ट कर दिया कि सरकार की नजर में व्यक्तिगत अहम या दिखावे की परंपराओं से ऊपर राष्ट्रधर्म और जनकल्याण है।

नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़े: इंजीनियर युवराज केस में नया खुलासा; मौत के करीब से मोबाइल फ्लैश जलाकर मांगते रहे मदद, वीडियो आया सामने

Advertisement
Ad

Leave a Reply

Your email address will not be published.