Sat, Jun 6th, 2026
Advertisement
Ad
Advertisement
Ad

देश आए में ब्लैक फंगस के करीब 5500 मामले, महाराष्ट्र में हुई 70 फीसदी से ज्यादा मौतें

by यूनिक समय • May 21, 2021
Advertisement
Ad

नई दिल्ली। म्यूकरमाइकोसिस के चलते देशभर में अब तक 126 लोगों की मौत हो चुकी है। इसके अलावा अब तक इस फंगल इंफेक्शन ने करीब 5500 लोगों को अपनी चपेट में ले लिया है। मौतों के लिहाज से महाराष्ट्र टॉप पर बना हुआ है। अब तक पांच राज्यों ने इस संक्रमण को महामारी घोषित कर दिया है। हालात इतने खराब हो चुके हैं कि कई राज्य इस बीमारी के इलाज में इस्तेमाल होने वाले लिपोसोमल एम्फोटेरिसिन बी की कमी का सामना कर रहे हैं।

टाइम्स ऑफ इंडिया कि रिपोर्ट के अनुसार, देशभर में लगभग 5500 लोग ब्लैक फंगस से जूझ रहे हैं। इनमें से 126 लोगों की मौत भी हो चुकी है। अकेले महाराष्ट्र में ही 90 लोग इस फंगल इंफेक्शन से अपनी जान गंवा चुके हैं। इसके अलावा हरियाणा में यह आंकड़ा 14 और उत्तर प्रदेश में 8 पर है। सभी 8 मरीजों की मौत राजधानी लखनऊ में ही हुई। हाल ही में बिहार के पटना में ब्लैक के बाद अब व्हाइट फंगस के मरीज भी मिले हैं।

किस राज्य में क्या हैं हाल
रिपोर्ट के आंकड़े बताते हैं कि ब्लैक फंगस से झारखंड में 4 लोगों की मौत हो चुकी है। जबकि, छत्तीसगढ़, मध्य प्रदेश और उत्तराखंड में 2-2 मरीज अपनी जान गंवा चुके हैं। वहीं, बिहार, असम, ओडिशा और गोवा में 1-1 मौत हुई. फिलहाल कुछ राज्यों ने अभी तक म्यूकरमाइकोसिस के मामलों और मौतों पर आंकड़े नहीं जुटाए हैं।
राजस्थान के बाद गुरुवार को गुजरात ने भी इस बीमारी को महामारी घोषित कर दिया है। पंजाब, हरियाणा, कर्नाटक, तमिलनाडु और तेलंगाना ने इसे महामारी बीमारी अधिनियम के तहत अधिसूच्य बीमारी घोषित किया है. इसके बाद अब इन राज्यों में म्यूकरमाइकोसिस के हर मामले को राज्य सरकार की जानकारी में लाना जरूरी हो गया है।

दवा को लेकर भी आ रही मुश्किलें
रिपोर्ट में बताया गया है कि दिल्ली, तेलंगाना, ओडिशा, राजस्थान, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, गोवा, गुजरात, कर्नाटक और केरल जैसे कम से कम 10 राज्यों ने कहा है कि उनके यहां दवा खत्म हो चुकी है या स्टॉक तेजी से खत्म हो रहा है। इनमें से कुछ राज्यों ने कहा है कि निजी फार्मेसी में भी कोई स्टॉक नहीं है। इधर, महाराष्ट्र में देश ब्लैक फंगस से मौत के 70 प्रतिशत से ज्यादा मामले हैं. म्यूकरमाइकोसिस के 1500 मामले अब तक यहां मिल चुके हैं।

महाराष्ट्र अप्रैल की शुरुआत से ही लिपोसोमल एम्फोटेरिसिन बी की कमी से जूझ रहा है। राज्य के स्वास्थ्य मंत्री राजेश टोपे ने कहा, ‘राज्य के 1.50 लाख वायल्स की जरूरत है, लेकिन केंद्र की तरफ से केवल 16 हजार वायल प्राप्त हुए हैं।’ राज्य सरकार ने दवा की खरीदी के लिए ग्लोबल टेंडर जारी कर दिया है।

Advertisement
Ad

Leave a Reply

Your email address will not be published.