यूनिक समय, नई दिल्ली। गुजरात के केवडिया में आयोजित भव्य समारोह में 72वें राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार (National Film Awards) प्रदान किए गए। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने सिनेमा जगत में उत्कृष्ट योगदान देने वाले कलाकारों और तकनीशियनों को सम्मानित किया। इस दौरान दिग्गज अभिनेता अनंत नाग को भारतीय सिनेमा में अतुलनीय योगदान के लिए दादा साहब फाल्के पुरस्कार 2024 से नवाजा गया। मुख्य पुरस्कार विजेता और श्रेणियां समारोह में विभिन्न भारतीय भाषाओं की उत्कृष्ट फिल्मों और कलाकारों को सम्मानित किया गया। कार्तिक आर्यन को फिल्म 'चंदू चैंपियन' और मलयालम सुपरस्टार ममूटी को 'ब्रह्मयुगम' में शानदार अभिनय के लिए संयुक्त रूप से सर्वश्रेष्ठ अभिनेता (Best Actor) का अवॉर्ड दिया गया। अभिनेत्री यामी गौतम को फिल्म 'आर्टिकल 370' में दमदार अभिनय के लिए सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री (Best Actress) चुना गया। आदित्य धर के निर्देशन में बनी फिल्म 'आर्टिकल 370' को सर्वश्रेष्ठ फीचर फिल्म (Best Feature Film) का अवॉर्ड मिला। वहीं फिल्म 'श्रीकांत' को सर्वश्रेष्ठ हिंदी फिल्म के खिताब से नवाजा गया। इसके अलावा 'अमरण' के लिए राजकुमार पेरियासामी को बेस्ट डायरेक्टर और 'स्वातंत्र्य वीर सावरकर' के लिए रणदीप हुड्डा को बेस्ट डेब्यू डायरेक्टर का पुरस्कार मिला। साथ ही अभिनेता संजय मिश्रा को फिल्म 'भक्षक' में उनके बेहतरीन प्रदर्शन के लिए सहायक भूमिका (Supporting Actor) के पुरस्कार से सम्मानित किया गया। अनंत नाग भावुक, राष्ट्रपति मुर्मू ने दिया संदेश पुरस्कार वितरण समारोह के दौरान कई भावनात्मक और प्रेरणादायक क्षण देखने को मिले। दादा साहब फाल्के पुरस्कार ग्रहण करते हुए 300 से अधिक फिल्मों में काम कर चुके अभिनेता अनंत नाग भावुक हो गए। उन्होंने कहा कि उन्होंने पापी पेट के लिए अपने करियर की शुरुआत की थी और यह अवॉर्ड सिर्फ उनका अकेला नहीं है, बल्कि उन लाखों लोगों का है जो उनके 55 साल के लंबे सफर में साथ रहे। इसके अलावा राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने अपने संबोधन में ज्यूरी पैनल में महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया। साथ ही उन्होंने प्रसिद्ध फिल्मी हस्तियों से अपील करते हुए कहा कि वे स्वास्थ्य के लिए हानिकारक पदार्थों का विज्ञापन न करें, क्योंकि युवा उन्हें फॉलो करते हैं। राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों का 72 वर्षों का सफर वर्ष 1954 में महज 7 पुरस्कारों के साथ शुरू हुए इस समारोह में 72 वर्षों के लंबे सफर के बाद अब कुल 45 श्रेणियों में पुरस्कार प्रदान किए जाते हैं। शुरुआती दौर में विजेताओं को सिर्फ मेडल दिए जाते थे, लेकिन 1975 में पहली बार नकद राशि शुरू की गई, जिसमें बेस्ट एक्टर-एक्ट्रेस को ₹10 हजार दिए जाते थे, जो अब बढ़कर ₹3 लाख हो चुके हैं। इसके अलावा दादा साहब फाल्के पुरस्कार की नकद राशि भी शुरुआती ₹11 हजार से बढ़कर अब ₹10 लाख हो गई है। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: Krishna Mukherjee: बॉलीवुड अभिनेत्री रानी मुखर्जी की मां कृष्णा मुखर्जी का 75 वर्ष की उम्र में निधन; फिल्म जगत में शोक की लहर ताजा खबरों के साथ अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp Channel को जरूर सब्सक्राइब करें। [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]