नई दिल्ली। संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की अध्यक्षता भारत अगस्त में करेगा। फ्रांस से यह जिम्मेदारी भारत को मिली है। एक महीने के लिए यह जिम्मेदारी भारत के पास रहेगी। इसी साल अस्थायी सदस्य के रुप में दो साल के लिए भारत को सुरक्षा परिषद में जगह मिली थी। भारत के अध्यक्षता संभालने के बाद यहां देश में फ्रांस के राजदूत इमैनुएल लेनैन ने कहा कि हम समुद्री सुरक्षा, शांति स्थापना और आतंकवाद से मुकाबले जैसे रणनीतिक मुद्दों पर भारत के साथ काम करने और नियम आधारित बहुपक्षीय प्रणाली को कायम रखने के लिए प्रतिबद्ध हैं। रूसी राजदूत ने भी किया ट्वीट भारत में रूसी राजदूत निकोले कुदाशेव ने ट्वीट किया, ‘एजेंडे से वास्तव में प्रभावित हूं, जिसमें समुद्री सुरक्षा, शांति स्थापना और आतंकवाद विरोधी वैश्विक मुद्दों को शामिल किया गया है। फलदायी और प्रभावी काम की उम्मीद है।‘ https://twitter.com/FranceinIndia/status/1421668132167426060?ref_src=twsrc%5Etfw%7Ctwcamp%5Etweetembed%7Ctwterm%5E1421668132167426060%7Ctwgr%5E%7Ctwcon%5Es1_&ref_url=https%3A%2F%2Fstatic.asianetnews.com%2Ftwitter-iframe%2Fshow.html%3Furl%3Dhttps%3A%2F%2Ftwitter.com%2FFranceinIndia%2Fstatus%2F1421668132167426060%3Fref_src%3Dtwsrc5Etfw दो साल के लिए भारत को मिली थी जगह संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत को दो साल के अस्थायी सदस्य के रूप में इसी साल जगह मिली थी। भारत अस्थायी सदस्य के रूप में इस 15 सदस्यीय सुरक्षा परिषद में बैठेगा। वह आठवीं बार इस परिषद का अस्थायी सदस्य बना है। https://twitter.com/NKudashev/status/1421672163149422593?ref_src=twsrc%5Etfw%7Ctwcamp%5Etweetembed%7Ctwterm%5E1421672163149422593%7Ctwgr%5E%7Ctwcon%5Es1_&ref_url=https%3A%2F%2Fstatic.asianetnews.com%2Ftwitter-iframe%2Fshow.html%3Furl%3Dhttps%3A%2F%2Ftwitter.com%2FNKudashev%2Fstatus%2F1421672163149422593%3Fref_src%3Dtwsrc5Etfw भारत के साथ ये देश भी बने थे सदस्य भारत, नार्वे, केन्या, आयरलैंड, और मैक्सिको को इसी साल एस्टोनिया, नाईजर, सैंट विसेंट, ग्रेनाडाइन्स, ट्यूनीशिया और वियतनाम जैसे अस्थायी सदस्यों के साथ जोड़ा गया था। सुरक्षा परिषद के चीन, फ्रांस, रूस, ब्रिटेन और अमेरिका स्थायी सदस्य हैं। भारत अगस्त, 2021 में परिषद की अध्यक्षता मिली है। टगले साल 2022 में भी उसे एक महीने के लिए यह मौका मिलेगा। परिषद की अध्यक्षता अंग्रेजी वर्णमाला के अक्षरों के हिसाब से हर सदस्य के पास एक एक महीने के लिए रहती है।