Thu, Jun 4th, 2026
Advertisement
Ad
Advertisement
Ad

आधी रात से शुरू हुई इंटरनेट सेवा, शनिवार को इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई थी

by यूनिक समय • August 29, 2023
Advertisement
Ad

नूंह में 31 जुलाई को हुई हिंसा के बाद हालात पूरी तरह से सामान्य होने लगे हैं। हिंदू संगठनों के सोमवार यानी 28 अगस्त को दोबारा शोभा यात्रा निकालने के एलान के बाद शनिवार को इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई थी। इसके अलावा सोमवार को जिला प्रशानन ने नूंह में धारा 144 लगाने के साथ स्कूल-कॉलेज और बैंक बंद रखने का आदेश दिया था।

नूंह में फिर से शरू हुई इंटरनेट सेवा- Nuh Internet Service start

ताजा जानकारी के मुताबिक, एक दिन के बंद रहने के बाद आज मंगलवार को सुबह नूंह के बाजार खुल गए हैं। इसके साथ ही नूंह में आधी रात से इंटरनेट सेवा भी शुरू हो गई है, लेकिन स्पीड कम है इस वजह से वीडियो अपलोड नहीं हो रहे हैं। वहीं, लोगों को सुरक्षा का एहसास कराने के लिए नूंह में पुलिस की ओर से सुबह नौ बजे एक फ्लैग मार्च निकाला गया।

गौरतलब है कि सोमवार यानी 28 अगस्त को विहिप और अन्य हिंदू संगठनों को प्रशासन ने हरियाणा के नूंह में यात्रा तो नहीं निकालने दी। लेकिन पुलिस सुरक्षा में संतों सहित हिंदू संगठनों के 51 लोगों ने नल्हड़ के शिव मंदिर में जलाभिषेक किया। इसके बाद फिरोजपुर झिरका स्थित पांडवकालीन शिव मंदिर तथा सिंगार गांव स्थित महादेव मंदिर भी पहुंचकर इन लोगों ने जलाभिषेक किया। गत 31 जुलाई को नूंह में जलाभिषेक यात्रा पर हमला किया गया था। इसमें छह लोगों की मौत हो गई थी। यात्रा अधूरी रह गई थी।

विहिप ने घोषणा की थी कि सावन के अंतिम सोमवार को यात्रा को पूरा किया जाएगा। लेकिन प्रशासन ने अनुमति नहीं दी थी। विहिप ने कहा था कि उन्हें धार्मिक यात्रा के लिए अनुमति की जरूरत नहीं है। विहिप के अडिग रुख को देखते हुए नूंह में सुरक्षा व्यवस्था बढ़ाने के साथ धारा 144 को लागू कर दिया गया था। इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई थीं। आसपास के जिलों पलवल, फरीदाबाद, रेवाड़ी और गुरुग्राम आदि को भी अलर्ट पर रखा गया था। नूंह की सभी सीमाओं को तड़के चार बजे से ही सील कर दिया गया था। लकिन अब फिर से नूंह में इंटरनेट सेवा शुरू हो गई है

सोमवार सुबह दिल्ली से विहिप के केंद्रीय कार्याध्यक्ष आलोक कुमार, महामंडलेश्वर स्वामी धर्मदेव महाराज, नवल किशोर दास महाराज आदि के साथ एक प्रतिनिधिमंडल नूंह पहुंचा। उन्हीं 51 लोगों के वाहनों को प्रवेश दिया गया, जिनके नाम पहले से प्रशासन ने तय किए हुए थे। सभी को पहले पुलिस लाइन में लाया गया।

यह भी पढ़े: इसरो के लिए एक और सफलता, सूर्या मिशन आदित्य-एल1 लॉन्च

यहां से उन्हें वातानुकूलित तीन बसों में अलग-अलग समय में प्रशासनिक अधिकारी नल्हड़ मंदिर ले गए। अन्य बाहरी लोगों को प्रवेश नहीं करने दिया गया। एडीजीपी (कानून व्यवस्था) ममता सिंह ने कहा कि धार्मिक यात्रा निकालने की अनुमति नहीं दी गई थी। जलाभिषेक करने पर कोई रोक नहीं है। गुरुग्राम, फरीदाबाद, सोनीपत आदि जिलों में भी हिंदू संगठनों ने प्रमुख शिव मंदिर में पूजन किया।

Advertisement
Ad

Leave a Reply

Your email address will not be published.