
यूनिक समय, नई दिल्ली। हर साल 8 सितंबर को विश्व भौतिक चिकित्सा दिवस मनाया जाता है, जो स्वास्थ्य सेवा में भौतिक चिकित्सकों (फिजियोथेरेपिस्ट) के महत्वपूर्ण योगदान को समर्पित है। यह दिन इस बात पर जोर देता है कि कैसे ये पेशेवर लोगों को गतिशीलता वापस पाने, दर्द कम करने और जीवन की समग्र गुणवत्ता में सुधार करने में मदद करते हैं।
इस वर्ष का विषय: ‘सभी के लिए सशक्त आंदोलन’
विश्व भौतिक चिकित्सा दिवस 2025 का विषय “सभी के लिए सशक्त आंदोलन” है। यह थीम इस बात पर प्रकाश डालती है कि भौतिक चिकित्सा केवल चोटों या सर्जरी के बाद ही नहीं, बल्कि गठिया, मधुमेह और हृदय रोगों जैसी दीर्घकालिक बीमारियों के प्रबंधन के लिए भी आवश्यक है। भौतिक चिकित्सक मरीजों के साथ मिलकर व्यक्तिगत उपचार योजनाएं बनाते हैं, जिसमें व्यायाम, मुद्रा सुधार और दर्द प्रबंधन शामिल होता है।
भौतिक चिकित्सा का महत्व
भौतिक चिकित्सा केवल शारीरिक कमियों को ही दूर नहीं करती, बल्कि यह मानसिक स्वास्थ्य और आत्मविश्वास को भी बढ़ाती है। यह निवारक स्वास्थ्य सेवा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है, जहाँ भौतिक चिकित्सक सुरक्षित गति तकनीकों और स्वस्थ आदतों के बारे में लोगों को शिक्षित करके चोटों को रोकने में मदद करते हैं।
यह दिवस वंचित क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं तक पहुंच सुनिश्चित करने और भौतिक चिकित्सा के लाभों के बारे में जागरूकता फैलाने जैसी चुनौतियों पर भी ध्यान केंद्रित करता है। इस दिन, हम उन सभी भौतिक चिकित्सकों का सम्मान करते हैं, जो अपने समर्पण और विशेषज्ञता से व्यक्तियों को स्वस्थ और सक्रिय जीवन जीने में सक्षम बनाते हैं।
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