यूनिक समय, नई दिल्ली। मध्य पूर्व में जारी भीषण तनाव के बीच एक बड़ी राहत की खबर सामने आई है। ईरान और अमेरिका के बीच पिछले 40 दिनों से जारी सीधी जंग पर फिलहाल दो सप्ताह के युद्धविराम (Ceasefire) की मुहर लग गई है। इस ऐतिहासिक समझौते के बाद दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण व्यापारिक मार्ग 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' को फिर से खोलने का रास्ता साफ हो गया है। हालांकि, इस शांति का श्रेय लेने की होड़ में पाकिस्तान और चीन के बीच दिलचस्प कूटनीतिक खींचतान शुरू हो गई है। ट्रंप का बड़ा दावा अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इस सीजफायर का ऐलान करते हुए पूरी दुनिया को चौंका दिया। जहाँ पाकिस्तान इसे अपनी कूटनीतिक जीत बता रहा है, वहीं ट्रंप ने समाचार एजेंसी एएफपी (AFP) से बातचीत में इसका असली श्रेय चीन को दिया। ट्रंप ने कहा है कि "मेरा मानना है कि चीन ने ही पर्दे के पीछे से मेहनत की और ईरान को बातचीत की मेज पर आने के लिए राजी किया।" अमेरिकी अखबारों और समाचार एजेंसी एपी (AP) की रिपोर्ट्स भी इसकी पुष्टि करती हैं कि चीनी अधिकारी पिछले कई दिनों से तेहरान पर दबाव बना रहे थे, जिसमें अंततः उन्हें सफलता मिली। पाकिस्तान का 'क्रेडिट' पाकिस्तान का दावा है कि प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने राष्ट्रपति ट्रंप और ईरानी नेताओं को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर टैग करते हुए 2 हफ्ते के सीजफायर का प्रस्ताव देकर इस युद्धविराम की नींव रखी; इस प्रस्ताव के तहत उन्होंने ट्रंप से हमले रोकने की समय सीमा बढ़ाने और ईरान से होर्मुज जलडमरूमध्य खोलने का अनुरोध किया था, जिसके बाद अब ईरान और अमेरिका के बीच अगले दौर की वार्ता पाकिस्तान की मेजबानी में होने की संभावना है। ईरान की 10 शर्तें और $20 लाख का जुर्माना ईरान के सुप्रीम लीडर मुज्तबा खामेनेई ने तत्काल हमले रोकने का आदेश दिया है। ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने स्पष्ट किया कि वे अपनी 10 शर्तों के आधार पर इस युद्धविराम के लिए तैयार हुए हैं। ईरान ने घोषणा की है कि सीजफायर के दौरान 'होर्मुज' से गुजरने वाले जहाजों से 20 लाख अमेरिकी डॉलर तक का जुर्माना वसूला जाएगा। यदि अमेरिका 15-पॉइंट प्रस्ताव के आधार पर बातचीत आगे बढ़ाता है और ईरान पर हमले रुकते हैं, तो ईरानी सेना 14 दिनों तक रक्षात्मक मुद्रा में रहेगी। वैश्विक अर्थव्यवस्था के लिए राहत इस समझौते के तहत सबसे महत्वपूर्ण उपलब्धि 'स्ट्रेट ऑफ होर्मुज' का खुलना है। पिछले 40 दिनों से बंद इस मार्ग के कारण वैश्विक तेल आपूर्ति और व्यापार ठप पड़ा था। अब ईरानी सशस्त्र सेनाओं के समन्वय से जहाजों को सुरक्षित मार्ग दिया जाएगा, जिससे अंतरराष्ट्रीय बाजार में ईंधन की कीमतों में गिरावट आने की उम्मीद है। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: Tech News: Realme ने वायरलेस इयरबड्स Buds T500 Pro की लॉन्चिंग तारीख का किया ऐलान; जल्द भारत में होंगे लांच [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]