यूनिक समय, नई दिल्ली। प्रशांत महासागर के बेहद संवेदनशील 'रिंग ऑफ फायर' क्षेत्र में स्थित फिलीपींस से तबाही की एक बेहद डरावनी और बड़ी ख़बर सामने आ रही है। सोमवार सुबह फिलीपींस का दक्षिणी हिस्सा 7.8 तीव्रता के एक अत्यंत शक्तिशाली और विनाशकारी भूकंप से कांप उठा। इस महाभूकंप के कुछ ही देर बाद समंदर ने रौद्र रूप धारण कर लिया और तटीय इलाकों में सुनामी की लहरें टकराने लगीं, जिससे भारी नुकसान हुआ है। शुरुआती आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, इस दोहरी प्राकृतिक आपदा की चपेट में आने से अब तक 4 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 200 से अधिक लोग गंभीर रूप से घायल हैं। भूकंप के तुरंत बाद कई शहरों की बिजली और संचार व्यवस्था पूरी तरह ठप हो गई है। सुबह-सुबह तीन बार कांपी धरती फिलीपीन इंस्टीट्यूट ऑफ वोल्केनोलॉजी एंड सीस्मोलॉजी और नेशनल सेंटर फॉर सिस्मोलॉजी के अनुसार, सोमवार सुबह एक के बाद एक लगातार तीन जोरदार झटके महसूस किए गए, जिसने लोगों को संभलने का मौका तक नहीं दिया। इसमें पहला झटका सुबह 5:07 बजे महसूस किया गया, जिसकी तीव्रता रिक्टर स्केल पर 7.7 मापी गई और इसका केंद्र सतह से 93 किमी गहराई में था। इसके ठीक 11 मिनट बाद सुबह 5:18 बजे 6.4 तीव्रता का दूसरा झटका आया, जिसका केंद्र 79 किमी गहरा था। इसके बाद लोकल टाइम के मुताबिक सुबह 7:37 बजे सबसे घातक, मुख्य और विनाशकारी झटका आया, जिसकी तीव्रता 7.8 मैग्नीट्यूड मापी गई। इस मुख्य भूकंप का केंद्र मिंडानाओ द्वीप पर स्थित प्रमुख व्यावसायिक केंद्र 'जनरल सैंटोस शहर' से महज़ 13 किलोमीटर दूर दक्षिण-पश्चिम में जमीन से सिर्फ 10 किलोमीटर की उथली गहराई पर था, और इसी कम गहराई पर केंद्र होने के कारण इस झटके ने इलाके में भारी तबाही मचाई। राष्ट्रपति ने की सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील भूकंप के तुरंत बाद पैसिफिक सुनामी वॉर्निंग सेंटर ने फिलीपींस के कुछ तटीय हिस्सों के लिए बेहद खतरनाक एडवाइजरी जारी की, जिसमें चेतावनी दी गई कि समंदर में 3 मीटर (लगभग 10 फीट) तक ऊंची विनाशकारी सुनामी की लहरें उठ सकती हैं। तटीय इलाकों में 1 मीटर से ऊंची लहरें प्रवेश भी कर चुकी हैं, जिससे तट के पास बने घरों और बुनियादी ढांचे को नुकसान पहुंचा है। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए फिलीपींस के राष्ट्रपति फर्डिनेंड मार्कोस जूनियर ने देश के नाम आपातकालीन संदेश जारी किया है। उन्होंने प्रभावित और खतरे वाले तटीय इलाकों के नागरिकों से बिना वक्त गंवाए तुरंत ऊंचे और सुरक्षित स्थानों पर चले जाने की भावुक अपील की है। फिलीपीन इंस्टीट्यूट के प्रमुख टेरेसिटो बैकोलकोल ने भी लोगों को चेतावनी देते हुए कहा है कि नागरिक समुद्र के किनारों को खाली कर मुख्य भूमि के अंदरूनी हिस्सों की तरफ चले जाएं। इंडोनेशिया और मलेशिया पर भी मंडराया खतरा इस भयानक भूकंप के झटके फिलीपींस की सीमाओं को लांघकर पड़ोसी देशों तक महसूस किए गए। इंडोनेशिया के उत्तरी सुलावेसी और उत्तरी मालुकु प्रांतों में धरती बुरी तरह डोली, जिससे वहां भी लोग खौफ में घरों से बाहर निकल आए। पैसिफिक सुनामी वॉर्निंग सेंटर के अनुसार, इस भूकंप का असर इंडोनेशिया और मलेशिया के समुद्री तटों पर भी दिखेगा, जहां 1 मीटर तक ऊंची सुनामी की लहरें उठने की आशंका है। दोनों देशों के संबंधित अधिकारियों ने अपने-अपने तटीय क्षेत्रों के लिए हाई अलर्ट जारी कर दिया है। इसके अलावा ताइवान, जापान, गुआम, पापुआ न्यू गिनी और पश्चिमी प्रशांत महासागर के कई अन्य द्वीप देशों में भी छोटी सुनामी लहरें आने की आशंका जताई गई है। आखिर क्यों फिलीपींस में बार-बार आती है ऐसी तबाही? भौगोलिक दृष्टि से फिलीपींस दुनिया के सबसे ज्यादा प्राकृतिक आपदा संभावित देशों में गिना जाता है। यह देश प्रशांत महासागर के चारों ओर फैली भूकंपीय दरारों और सक्रिय ज्वालामुखियों की एक ऐसी श्रृंखला पर स्थित है, जिसे भू-विज्ञान की भाषा में 'रिंग ऑफ फायर' (Ring of Fire) कहा जाता है। इस बेल्ट में टेक्टोनिक प्लेट्स के आपस में टकराने और खिसकने के कारण दुनिया के 90% भूकंप आते हैं। यही वजह है कि फिलीपींस अक्सर बड़े भूकंपों और ज्वालामुखी विस्फोटों की चपेट में रहता है। इसके अलावा, इस द्वीपसमूह पर हर साल लगभग 20 विनाशकारी टाइफून और खतरनाक ट्रॉपिकल तूफान भी दस्तक देते हैं, जिससे यहाँ जान-माल का नुकसान आम बात हो गई है। फिलहाल, फिलीपींस की सभी आपदा राहत टीमें (NDRRMC) युद्धस्तर पर रेस्क्यू ऑपरेशन में जुट गई हैं। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: Mathura News: वृंदावन पहुंचे भाजपा राष्ट्रीय महासचिव अरुण सिंह; परिवार संग ठाकुर बांके बिहारी जी के चरणों में लगाई हाजिरी ताजा खबरों के लिए आप हमारे WhatsApp Channel को जरूर सब्सक्राइब करें। [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]