मोबाइल फोन कंपनी एप्पल ने इस महीने की शुरुआत में काफी धूम मचाकर आईफोन-14 (iPhone 14 ) लॉन्च किया था। आईफोन की हर लॉन्चिंग की तरह, यह नया फ्लैगशिप भी सेटेलाइट कॉलिंग समेत कई सुविधाओं से भरा हुआ है। हालांकि, इसमें सबसे चर्चित फीचर में से एक क्रैश डिटेक्शन है, जो आईफोन-14 के चारों मॉडल, जिसमें आईफोन-14, आईफोन-14 प्लस, आईफोन-14 प्रो और आईफोन-14 प्रो मैक्स शामिल हैं, में उपलब्ध है। इस बीच एक यूट्यूबर ने यह जांचने का फैसला भी किया कि क्या एप्पल की ओर से किए गए ये सभी दावे सही हैं या नहीं। एप्पल के अनुसार, क्रैश डिटेक्शन फोन को गंभीर कार दुर्घटना का पता लगाने की अनुमति देता है। यह यूजर्स के मोबाइल फोन में दिए संबंधि कांटेक्ट्स को सूचित करने के साथ-साथ ऑटोमेटिक रूप से इमरजेंसी नंबर्स को डायल करना भी शुरू कर देता है। वैसे, इसका परीक्षण करने के लिए एक वास्तविक कार दुर्घटना की जरूरत थी और यूट्यूब चैनल टेकरेक्स के संचालक ने बिल्कुल ऐसा ही किया। https://youtu.be/MZn6K44qfdU उन्होंने इससे जुड़ा एक वीडियो शेयर किया, जिसमें दिखाया गया है कि इस फीचर की टेस्टिंग कैसे की गई। यूट्यूबर ने एक नए आईफोन-14 प्रो को 2005 की मर्करी ग्रैंड मार्किव्स सेडान की अगली सीट के हेडरेस्ट पर बांधा। इसे रिमोट की मदद से कंट्रोल किया जा रहा था। कार को तब पुराने वाहनों के ढेर में ले जाकर टक्कर कराई गई, जिससे ऐसा परिदृश्य तैयार किया जा सके कि फोन यह डिटेक्ट कर ले कि वास्तव में एक्सीडेंट हुआ है और इमरजेंसी सर्विस को अलर्ट कर दे। यूट्यूबर ने कार को पुराने वाहनों के ढेर से बार टक्कर करवाई और दोनों बार फोन का फीचर काम करता है। हालांकि, यूट्यूबर के अनुसार, आईफोन ने दस सेकेंड की देरी से एसओएस मोड लॉन्च किया और इमरजेंसी सर्विसेज से जुड़ने से पहले एक उल्टी गिनती दिखाई। फोन के मालिक के कार एक्सीडेंट में शामिल होने पर यह फीचर अपने आप एक्टिव हो जाता है। उल्टी गिनती यह निर्धारित करने के लिए है कि क्या यूजर्स अनरिस्पॉन्सिव यानी रिस्पॉनस करने योग्य नहीं है और रद्द करने का बटन निर्धारित समय के भीतर नहीं दबाया जाता है, तो आईफोन दुर्घटना की जानकारी इमरजेंसी सर्विसेज को भेज देगा। इस फीचर को एप्पल की नई वॉच सीरिज-8 में भी जोड़ा गया है। आईफोन 14 और 14 प्लस में ए15 बायोनिक चिप लगी है, जबकि आईफोन के प्रो मॉडल में ए16 चिप लगी है।