यूनिक समय, नई दिल्ली। अपने पांच देशों के आधिकारिक विदेशी दौरे के अगले पड़ाव पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी यूएई की यात्रा संपन्न कर नीदरलैंड पहुंच चुके हैं। नीदरलैंड के हेग में प्रवासी भारतीय समुदाय (इंडियन डायस्पोरा) ने प्रधानमंत्री मोदी का अभूतपूर्व और गर्मजोशी से स्वागत किया। भारतीय समुदाय के विशाल जनसमूह को संबोधित करते हुए पीएम मोदी भावुक नजर आए और उन्होंने कहा कि यहाँ का प्यार और उत्साह देखकर वे कुछ पल के लिए भूल ही गए थे कि वे भारत से दूर नीदरलैंड में हैं। उन्हें ऐसा महसूस हुआ जैसे भारत के ही किसी हिस्से में कोई बड़ा त्योहार मनाया जा रहा हो। डच इकोनॉमी में भारतीयों के योगदान पर गर्व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में नीदरलैंड के विकास में प्रवासी भारतीयों की भूमिका की जमकर सराहना करते हुए कहा कि यहाँ रह रहे भारतीयों का डच प्रगति और इकोनॉमी में बहुत बड़ा योगदान है, जिस पर हर भारतवासी को गर्व है। उन्होंने आगे कहा कि अनगिनत संघर्षों के बीच जिस तरह भारतीय परिवारों ने समुद्र पार भी अपनी पहचान और संस्कृति को जीवंत रखा है वह वाकई काबिले तारीफ है, क्योंकि समय के साथ दुनिया की कई संस्कृतियां तो मिट गईं लेकिन भारत के पारंपरिक संस्कार आज भी लोगों के दिलों में धड़क रहे हैं। पीएम मोदी ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि यहाँ की नई पीढ़ियों ने स्थानीय डच भाषा को तो सहर्ष अपना लिया है लेकिन इसके बावजूद उन्होंने अपने पूर्वजों की भाषा और जड़ों को कभी नहीं छोड़ा, और यही कारण है कि आज यहाँ के लोकप्रिय कम्युनिटी रेडियो स्टेशनों के माध्यम से भारतीय संगीत और समृद्ध संस्कृति डच परिवारों तक भी अपनी खास पहुंच बना रही है। 16 मई का विशेष संयोग नीदरलैंड के हेग में अपने संबोधन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तारीख का जिक्र करते हुए एक बेहद भावुक और राजनीतिक पड़ाव को याद किया और कहा कि आज 16 मई की तारीख एक और खास वजह से ऐतिहासिक है। उन्होंने प्रवासी भारतीयों को याद दिलाया कि ठीक 12 वर्ष पहले, 16 मई 2014 को ही ऐतिहासिक लोकसभा चुनाव के नतीजे आए थे, जिसने दशकों बाद देश में एक स्थिर और पूर्ण बहुमत वाली सरकार की मजबूत नींव रखी थी। पीएम मोदी ने अपने अब तक के लंबे लोकतांत्रिक सफर का जिक्र करते हुए विशेष रूप से कहा कि 13 वर्ष मुख्यमंत्री के रूप में और 12 वर्ष प्रधानमंत्री के रूप में देश की सेवा करना और करोड़ों वोटर्स का लगातार समर्थन हासिल करना उनके लिए बेहद सौभाग्य की बात है। उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि जनता का यह अटूट विश्वास और समर्थन उनके लिए सिर्फ एक संख्या या आंकड़ा नहीं है, बल्कि देशवासियों का यही आशीर्वाद उनकी जिंदगी की सबसे बड़ी पूंजी और ताकत है जो उन्हें कभी रुकने या थकने नहीं देता। अहम् से वयम् का रास्ता नीदरलैंड के हेग में प्रधानमंत्री ने अपने जीवन दर्शन को साझा करते हुए कहा कि वे बहुत छोटी उम्र में ही देशभक्ति के रंग में रंग गए थे और उन्होंने 'अहम् से वयम्' (मैं से हम) का रास्ता चुनकर देशवासियों को ही अपना परिवार मान लिया। उन्होंने कहा कि आज देशवासियों का कल्याण ही उनका एकमात्र कर्तव्य और सुख है। वैश्विक मंच से भारत की नई तस्वीर पेश करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि आज का भारत बहुत बड़े सपने देख रहा है। अब देश को सिर्फ बदलाव (ट्रांसफॉर्मेशन) नहीं चाहिए, बल्कि भारत को अब हर क्षेत्र में 'बेस्ट' और 'फास्टेस्ट' चाहिए। जब देश की आकांक्षाएं असीमित हैं, तो उन्हें पूरा करने के लिए सरकार के प्रयास भी असीमित स्तर पर हो रहे हैं। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: Rampur: तत्कालीन डीएम पर आपत्तिजनक टिप्पणी मामले में सपा नेता आजम खां को 2 साल की जेल और 20 हजार का लगा जुर्माना [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]