यूनिक समय, नई दिल्ली। पश्चिम एशिया (मिडिल ईस्ट) में जारी भारी तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान की सैन्य क्षमता पर अब तक का सबसे तीखा हमला बोला है। ट्रंप ने एक सनसनीखेज दावा करते हुए कहा है कि ईरान की सेना अब पूरी तरह बिखर चुकी है और उसका वजूद लगभग खत्म होने की कगार पर है। राष्ट्रपति ट्रंप ने अपने बयान में स्पष्ट किया कि ईरानी नौसेना और वायुसेना अब लगभग अस्तित्व में ही नहीं हैं और उन्हें पूरी तरह पराजित किया जा चुका है। इस बीच, ईरान ने भी अमेरिका को करारा जवाब देने की बात कही है, जबकि दूसरी ओर तुर्किये के राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन ने सीरिया और लेबनान पर इजराइल के बढ़ते हमलों को लेकर बेहद सख्त रुख अपनाया है। ट्रंप ने ईरान को बताया खत्म हो चुका दबंग अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान की वर्तमान सैन्य स्थिति पर टिप्पणी करते हुए कहा, "ईरान की सेना पूरी तरह और संपूर्ण रूप से अव्यवस्थित हो चुकी है। इसका बड़ा हिस्सा, विशेषकर उसकी नौसेना और वायुसेना, अब लगभग अस्तित्व में ही नहीं है। उन्हें पूरी तरह पराजित कर दिया गया है।" ट्रंप ने ईरान के कड़े रुख पर तंज कसते हुए आगे कहा कि ईरान सिर्फ बड़ी-बड़ी बातें करता है, लेकिन धरातल पर कोई ठोस कार्रवाई नहीं कर पाता। उन्होंने पश्चिम एशिया का जिक्र करते हुए कहा कि इस क्षेत्र का तथाकथित 'दबंग' अब पूरी तरह खत्म हो चुका है। ईरान के साथ संभावित परमाणु समझौते के विषय पर बात करते हुए ट्रंप ने कहा कि ईरान ने एक ऐसे समझौते पर बातचीत करने में बहुत देर कर दी, जो उनके लिए बहुत अच्छा साबित हो सकता था; लेकिन अब समय निकल चुका है और उन्हें इस ढुलमुल रवैये की भारी कीमत चुकानी पड़ेगी। क्यों चरम पर पहुंचा अमेरिका-ईरान तनाव? अमेरिका और ईरान के बीच सैन्य टकराव की स्थिति हाल ही में तब और गंभीर हो गई, जब होर्मुज जलडमरूमध्य के ऊपर एक अमेरिकी हेलिकॉप्टर को गिराए जाने की खबरें सामने आईं। इसके जवाब में अमेरिकी सेना ने ईरानी ठिकानों के खिलाफ आत्मरक्षा में ताबड़तोड़ हवाई हमले किए। अमेरिकी हमलों से भड़के ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने दक्षिणी ईरान से बहरीन, कुवैत और जॉर्डन में स्थित अमेरिकी और उससे संबंधित सैन्य ठिकानों पर ड्रोन और मिसाइलों से पलटवार कर दिया। इस जवाबी कार्रवाई के बाद पूरे पश्चिम एशिया में हाई अलर्ट घोषित कर दिया गया है। इस पूरे घटनाक्रम पर ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने अमेरिका को सीधी चेतावनी देते हुए कहा है कि ईरान अपने ऊपर होने वाले किसी भी हमले या धमकी को बिना जवाब दिए नहीं छोड़ेगा, जिससे आने वाले दिनों में जंग और भड़कने की आशंका बढ़ गई है। इजराइल पर भड़के तुर्किये के राष्ट्रपति एर्दोगन पश्चिम एशिया के इस महासंकट के बीच तुर्किये के राष्ट्रपति रेसेप तैयप एर्दोगन ने भी अपनी कड़ी आपत्ति दर्ज कराई है। एर्दोगन ने सीरिया और लेबनान पर इजराइल द्वारा किए जा रहे लगातार हमलों को तुर्किये की संप्रभुता और सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा बताया है। उन्होंने वैश्विक समुदाय से इजराइल की इस आक्रामकता को तत्काल रोकने की अपील की है। राष्ट्रपति एर्दोगन ने अंतरराष्ट्रीय मंच से चेतावनी देते हुए कहा, "अगर इजराइली बर्बरता को समय रहते नहीं रोका गया, तो इसके बेहद गंभीर नतीजे पूरे क्षेत्र के साथ-साथ समस्त मानवता को भुगतने होंगे।" उन्होंने जोर देकर कहा कि इजराइल को रोकना अब किसी एक देश की नहीं, बल्कि पूरी दुनिया की मानवीय जिम्मेदारी बन चुका है और इतिहास को खुद को दोहराने की अनुमति बिल्कुल नहीं दी जानी चाहिए। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: BSTC Result Link 2026 Out: 4.97 लाख अभ्यर्थियों का इंतजार खत्म; आधिकारिक वेबसाइट पर रिजल्ट लिंक हुआ एक्टिव ताजा खबरों के लिए आप हमारे WhatsApp Channel को जरूर सब्सक्राइब करें। [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]