यूनिक समय, नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के रामपुर और तेलंगाना पुलिस के एक बेहद सटीक व बड़े संयुक्त ऑपरेशन में एक ऐसे शातिर गैंग का पर्दाफाश हुआ है, जिसने घरेलू नौकर बनकर 'भरोसे के कत्ल' की एक खौफनाक दास्तान लिखी है। पुलिस ने नेपाल भागने की फिराक में लगे एक शातिर शख्स, उसकी पत्नी और साली को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। इस गैंग ने तेलंगाना के एक बेहद संपन्न परिवार के घर में सेंध लगाकर कोई मामूली चोरी नहीं की थी, बल्कि वहां से करीब 7 किलो सोना, एक किलो चांदी और भारी मात्रा में कैश पर हाथ साफ किया था। अंतरराष्ट्रीय बाजार और भारतीय सराफा बाजार के मुताबिक इस महा-चोरी की कुल कीमत करीब 12 करोड़ रुपये आंकी गई है। दीवारों के बाद सीधे दिल और तिजोरी में बनाई जगह दरअसल, यह पूरी कहानी तेलंगाना के हाई-टेक जोन साइबराबाद कमिश्नरेट के गाचीबाउली इलाके से शुरू होती है। यहाँ रहने वाले एक बेहद रसूखदार और संपन्न परिवार को अपने बड़े घर की देखरेख और दैनिक कार्यों के लिए कुछ घरेलू सहायकों की जरूरत थी। इसी जरूरत का फायदा उठाकर नेपाल से भारत आए कमल, उसकी पत्नी विमला और विमला की सगी बहन कल्पना ने इस घर में नौकरी की शुरुआत की। शुरुआत बिल्कुल सामान्य और पेशेवर थी। तीनों आरोपियों ने अपने बेहतरीन काम, मीठी जुबान और अच्छे व्यवहार के दम पर बहुत ही कम समय में मकान मालिक का दिल जीत लिया। धीरे-धीरे वे घर के सिर्फ कमरों तक सीमित नहीं रहे, बल्कि परिवार के अटूट भरोसे के भीतर भी दाखिल हो गए। घर के लोग उनकी वफादारी पर इस कदर आंख बंद कर विश्वास करने लगे थे कि उन्हें भनक तक नहीं लगी कि वे जिन पर भरोसा कर रहे हैं, वही उनके आस्तीन के सांप बनने वाले हैं। खाली घर पाकर की 12 करोड़ की कहा जाता है कि बड़े और रसूखदार घरों में सबसे बड़ी सुरक्षा दीवारें या सीसीटीवी कैमरे नहीं, बल्कि वहां काम करने वालों का भरोसा होता है। कमल, विमला और कल्पना ने इसी भरोसे की आड़ में एक बड़ी साजिश की रूपरेखा तैयार की। उन्होंने खुद को सिर्फ झाड़ू-पोछा और खाना बनाने तक सीमित नहीं रखा। वे बहुत ही चालाकी से घर के सदस्यों की रोजमर्रा की दिनचर्या, उनकी आदतें, तिजोरी की चाबियां रखने की जगह और उनके बाहर आने-जाने के समय की बारीकी से रेकी करने लगे। फिर वह दिन भी आ गया जिसका इन तीनों को बेसब्री से इंतजार था। घर का मालिक अपने पूरे परिवार के साथ किसी जरूरी काम से शहर से बाहर गया हुआ था। घर पूरी तरह खाली था और सुरक्षा की पूरी जिम्मेदारी इन्हीं तीनों नेपाली नौकरों के हाथ में थी। इसी सुनहरे मौके का फायदा उठाकर तीनों ने घर की अलमारियों और तिजोरियों को खंगाल डाला। वे वहां रखे कीमती जेवरातों पर हाथ साफ कर बिना किसी शोर-शराबे के रफूचक्कर हो गए। जब पीड़ित परिवार वापस लौटा, तो घर का मंजर देखकर उनके पैरों तले जमीन खिसक गई। तिजोरी से 7 किलो सोना, 1 किलो चांदी और कैश गायब था, जिसकी कुल कीमत करीब 12 करोड़ रुपये थी। नेपाल बॉर्डर पार करने से ठीक पहले दबोचे गए आरोपी चोरी की इतनी बड़ी वारदात से साइबराबाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। गाचीबाउली थाने में तुरंत मुकदमा दर्ज किया गया और तफ्तीश शुरू हुई। चूंकि आरोपी मूल रूप से नेपाल के रहने वाले थे, इसलिए पुलिस को अंदेशा था कि वे अंतरराष्ट्रीय बॉर्डर पार कर नेपाल भाग सकते हैं। तकनीकी सर्विलांस और खुफिया इनपुट के जरिए जांच टीम को पता चला कि आरोपियों का लोकेशन उत्तर प्रदेश के रामपुर जिले की तरफ बढ़ रहा है। तेलंगाना पुलिस ने बिना वक्त गंवाए उत्तर प्रदेश के रामपुर के पुलिस अधीक्षक (एसपी) सोमेंद्र मीना से संपर्क साधा और पूरे मामले की इनपुट साझा की। दो राज्यों की पुलिस ने तुरंत एक संयुक्त ऑपरेशन (Joint Operation) प्लान किया। रामपुर पुलिस ने नेपाल जाने वाले सभी रास्तों और हाईवे पर सघन चेकिंग अभियान शुरू कर दिया। इसी कड़ी में बॉर्डर की तरफ संदिग्ध अवस्था में भागने की कोशिश कर रहे कमल, उसकी पत्नी विमला और साली कल्पना को रामपुर पुलिस की विशेष टीम ने चारों तरफ से घेरकर दबोच लिया। मालिक का शत-प्रतिशत माल बरामद रामपुर पुलिस ने जब तीनों आरोपियों के सामान की तलाशी ली, तो बैग के अंदर का नजारा देखकर खुद पुलिस अधिकारी भी हैरान रह गए। उनके पास से गाचीबाउली के उस संपन्न घर से चुराया गया शत-प्रतिशत माल बरामद हो गया, जिसमें करीब 7 किलो शुद्ध सोना, 1 किलो चांदी और लगभग 25 हजार रुपये की नकदी शामिल थी। रामपुर के पुलिस अधीक्षक सोमेंद्र मीना ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर इस बड़ी कामयाबी का खुलासा करते हुए बताया कि यह दोनों राज्यों की पुलिस की सटीक समन्वय का परिणाम है। उन्होंने बताया कि पकड़े गए आरोपियों को कानूनी प्रक्रिया पूरी कर तेलंगाना पुलिस के हवाले किया जा रहा है। इसके साथ ही पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस बात की भी गहनता से जांच की जा रही है कि क्या इस वारदात में उनके साथ कुछ अन्य साथी या कोई अंतरराष्ट्रीय कूरियर गैंग भी शामिल था। गैंग के आपराधिक इतिहास और नेपाल में उनके ठिकानों का पता लगाने के लिए भारतीय जांच एजेंसियां अब नेपाल पुलिस से भी आधिकारिक संपर्क साध रही हैं। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: Argentina Vs Iceland: Lionel Messi ने दागा ऐतिहासिक गोल, वर्ल्ड कप से पहले अर्जेंटीना ने आइसलैंड को 3-0 से रौंदा ताजा खबरों के लिए आप हमारे WhatsApp Channel को जरूर सब्सक्राइब करें। [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]