यूनिक समय, नई दिल्ली। देश की सबसे बड़ी सूचना प्रौद्योगिकी (IT) सेवा कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने तकनीकी दुनिया में आ रहे एक बड़े बदलाव को रेखांकित किया है। कंपनी की वित्त वर्ष 2025-26 की वार्षिक रिपोर्ट में शेयरधारकों को लिखे अपने एक पत्र में चंद्रशेखरन ने स्पष्ट किया कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) अब वैश्विक व्यवसायों के लिए सिर्फ एक अतिरिक्त तकनीकी परत (लेयर) नहीं रह गया है, बल्कि यह तेजी से दुनिया भर के उद्यमों के लिए बुनियादी ढांचा (कोर इंफ्रास्ट्रक्चर) बनता जा रहा है। एआई के दम पर टीसीएस के शानदार वित्तीय नतीजे और नई भर्तियों में आई वापसी इस बात का पुख्ता संकेत है कि भारतीय आईटी सेक्टर में अब एक बड़े और ऐतिहासिक बदलाव का दौर शुरू हो चुका है। एआई और नई तकनीक से टीसीएस की बंपर कमाई टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज के चेयरमैन एन चंद्रशेखरन ने कंपनी के शानदार प्रदर्शन को साझा करते हुए बताया कि टीसीएस ने अपने अभिनव 'ह्यूमन+एआई' ऑपरेटिंग मॉडल के विस्तार में बहुत बड़ी सफलता हासिल की है, जो सीधे तौर पर कंपनी के राजस्व में दिखाई दे रही है। इस अत्याधुनिक मॉडल के बल पर कंपनी ने केवल विशिष्ट एआई सेवाओं के जरिए ही 2.3 अरब डॉलर का भारी-भरकम सालाना राजस्व कमाया है, जबकि क्लाउड, डेटा और साइबर सुरक्षा जैसी नई पीढ़ी की अन्य डिजिटल सेवाओं से कंपनी को 11.5 अरब डॉलर का बड़ा सालाना राजस्व प्राप्त हुआ है। उन्होंने इस तकनीकी बदलाव को स्पष्ट करते हुए आगे कहा कि जेनरेटिव और एजेंटिक एआई अब विकास के एक बिल्कुल नए चरण में प्रवेश कर चुके हैं, जहाँ वैश्विक ग्राहक अब इसके छोटे-मोटे प्रयोगों यानी पायलट प्रोजेक्ट्स के दायरे से बाहर निकलकर इसे अपने मुख्य कामकाज का एक स्थायी और मजबूत हिस्सा बना रहे हैं। भारत बनेगा वैश्विक एआई इंफ्रास्ट्रक्चर का '+1' डेस्टिनेशन भविष्य की रणनीतियों पर विशेष जोर देते हुए टीसीएस भारत में एक अत्यंत सुरक्षित और संप्रभु एआई ढांचा स्थापित करने के लिए पूरी तरह तैयार है, जिसके तहत कंपनी कई महत्वपूर्ण और महत्वाकांक्षी योजनाओं पर काम कर रही है। इन योजनाओं के अंतर्गत कंपनी भारत का पहला ऐसा डेटा सेंटर बनाने जा रही है जो पूरी तरह एआई-केंद्रित होगा और जिसकी 'रैक डेंसिटी' 160 किलोवाट से भी अधिक होगी, ताकि अत्यधिक कंप्यूटिंग क्षमता को सुचारू रूप से संभाला जा सके। इसके साथ ही विभिन्न उद्योगों की विशिष्ट जरूरतों को पूरा करने के लिए एक विशेष 'इंडस्ट्री-स्पेसिफिक एआई ओएस' (ऑपरेटिंग सिस्टम) विकसित किया जाएगा, जो 'एजेंटिक एआई' के जटिल समाधानों को बिना किसी बाधा के बेहद तेजी से लागू करने में मदद करेगा। चेयरमैन एन चंद्रशेखरन के अनुसार, इस समय दुनिया भर में बिजली, कंप्यूटिंग क्षमता और पर्याप्त जगह की भारी सीमाएं और किल्लत खड़ी हो रही हैं, और ऐसे वैश्विक संकट के बीच भारत दुनिया भर के एआई इंफ्रास्ट्रक्चर की बढ़ती मांग को पूरा करने के लिए एक बेहद मजबूत और रणनीतिक '+1' डेस्टिनेशन के रूप में तेजी से उभर रहा है। शानदार वित्तीय मजबूती टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज ने अपने इस वार्षिक पत्र के साथ ही वित्त वर्ष 2025-26 के शानदार वित्तीय नतीजे भी पेश किए हैं, जो मुनाफे और नियुक्तियों दोनों ही मोर्चों पर कंपनी की मजबूत स्थिति को दर्शाते हैं। मुनाफे के बढ़े हुए मार्जिन के कारण मार्च तिमाही (Q4) में कंपनी का शुद्ध मुनाफा 12.22 प्रतिशत के बड़े उछाल के साथ 13,718 करोड़ रुपये पर पहुंच गया है, जबकि पूरे वित्त वर्ष 2025-26 के लिए कंपनी का कुल शुद्ध मुनाफा 1.35 प्रतिशत की बढ़त के साथ 49,210 करोड़ रुपये रहा है जो पिछले वित्त वर्ष में 48,553 करोड़ रुपये था। इसके अलावा टीसीएस ने अकेले मार्च तिमाही में ही 12 अरब डॉलर के भारी-भरकम नए सौदे हासिल किए हैं, जिसमें सबसे बड़ा हिस्सा उत्तरी अमेरिका से 5.4 अरब डॉलर और बैंकिंग व वित्तीय सेवा (BFSI) क्षेत्र से 2.8 अरब डॉलर के रूप में आया है। वैश्विक आईटी सेक्टर में छंटनी और मंदी की चिंताओं के बीच लगातार दो तिमाहियों की गिरावट के बाद टीसीएस ने इस चौथी तिमाही (Q4) में शानदार वापसी करते हुए 2,356 नए कर्मचारियों की भर्ती की है, जिसके चलते 31 मार्च 2026 तक कंपनी के कुल कर्मचारियों की संख्या बढ़कर 584,519 हो गई है। दुनिया की सबसे बड़ी एआई कंपनी बनने का लक्ष्य कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) और प्रबंध निदेशक के कृतिवासन ने अपने संदेश में बेहद उत्साहजनक आंकड़े साझा किए। उन्होंने बताया कि टीसीएस के शीर्ष 139 बड़े वैश्विक ग्राहकों में से 130 ने पहले ही टीसीएस को अपने प्राथमिक एआई सेवा भागीदार के रूप में चुन लिया है। उन्होंने लिखा कि वित्त वर्ष 2025-26 वास्तव में उद्यम एआई के लिए एक ऐतिहासिक 'टर्निंग पॉइंट' साबित हुआ है, क्योंकि ग्राहकों ने प्रयोगात्मक स्तर से हटकर बड़े पैमाने पर तैनाती की ओर निर्णायक कदम बढ़ाए हैं। टीसीएस का स्पष्ट लक्ष्य अब विश्व की सबसे बड़ी एआई-आधारित प्रौद्योगिकी सेवा कंपनी बनना है, जो व्यवसायों के निवेश, सप्लाई चेन और रिस्क मैनेजमेंट को एक नई दिशा देगी। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: IPL 2026: फाइनल मैच के दिन अहमदाबाद आ सकते हैं PCB चीफ मोहसिन नकवी; ICC की महाबैठक को लेकर सस्पेंस [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]