यूनिक समय, नई दिल्ली। भारत के रजिस्ट्रार जनरल और जनगणना आयुक्त मृत्युंजय कुमार नारायण ने देश की 16वीं और आजादी के बाद की 8वीं जनगणना (Census 2027) को लेकर आज एक महत्वपूर्ण प्रेस कॉन्फ्रेंस की। उन्होंने घोषणा की है कि 1 अप्रैल 2026 से जनगणना का पहला चरण 'हाउसलिस्टिंग और आवास गणना' शुरू होने जा रहा है। इस बार की जनगणना ऐतिहासिक होने वाली है क्योंकि यह पूरी तरह डिजिटल माध्यम से संपन्न होगी और इसमें पहली बार 'सेल्फ इन्येमुरेशन' (स्व-गणना) की सुविधा दी गई है, जिससे नागरिक खुद पोर्टल पर अपनी जानकारी दर्ज कर सकेंगे। पहले चरण का शेड्यूल और सवाल जनगणना आयुक्त द्वारा साझा की गई जानकारी के अनुसार, जनगणना 2027 के पहले चरण का फील्डवर्क अप्रैल से सितंबर 2026 के बीच केरल, तमिलनाडु और त्रिपुरा सहित कुल 11 राज्यों में पूरा किया जाएगा, जिसमें सरकार द्वारा अधिसूचित 34 प्रश्नों के माध्यम से मकान की निर्माण सामग्री (फर्श, दीवार, छत), परिवार में विवाहित जोड़ों की संख्या, मुखिया का लिंग, बुनियादी सुविधाओं (पीने का पानी, बिजली, शौचालय) की उपलब्धता और अनाज के प्रकार से लेकर वाहनों की जानकारी जैसे महत्वपूर्ण आंकड़े जुटाए जाएंगे। जाति गणना इस जनगणना की सबसे चर्चित बात लिव-इन जोड़ों को लेकर जारी की गई 'एफएक्यू' (FAQs) है। स्व-गणना पोर्टल के अनुसार, यदि लिव-इन संबंध में रहने वाले दो लोग एक-दूसरे को स्थायी रूप से अपना मानते हैं, तो उन्हें जनगणना में विवाहित जोड़े के रूप में ही दर्ज किया जाएगा। वहीं, एक अन्य महत्वपूर्ण घोषणा यह है कि जाति गणना को जनगणना के दूसरे चरण में शामिल किया गया है, जिसकी विस्तृत अधिसूचना बाद में जारी होगी। 11,000 करोड़ का बजट सरकार ने इस जनगणना महापरियोजना के लिए ₹11,000 करोड़ से अधिक का बजट स्वीकृत किया है, जिसमें डेटा की पूर्ण गोपनीयता सुनिश्चित करने के लिए इसे RTI के दायरे से बाहर रखते हुए 16 भाषाओं में जनगणना ऐप और 19 भाषाओं में ट्रेनिंग मैन्युअल तैयार किया गया है; साथ ही गृह मंत्री की अगुवाई में राज्यों के मुख्य सचिवों द्वारा इस पूरी प्रक्रिया की निगरानी की जाएगी और जनगणना आयुक्त ने देशवासियों से इसमें सक्रिय भागीदारी की अपील की है ताकि भविष्य की सटीक जनकल्याणकारी नीतियां बनाई जा सकें। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: World: ईरान पर जमीनी हमले की तैयारी में अमेरिका? ट्रंप का ‘खर्ग द्वीप’ पर कब्जा और यूरेनियम निकालने का मास्टरप्लान [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]