यूनिक समय, बरसाना (मथुरा)। कान्हा की नगरी मथुरा के बरसाना थाने में बीती रात सत्तापक्ष की धमक और भारी हंगामे का एक बड़ा मामला सामने आया है। 'अमृत सरोवर योजना' के खुदाई कार्य से जुड़े एक व्यक्ति को पुलिस द्वारा हिरासत में लिए जाने से नाराज उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री चौधरी लक्ष्मीनारायण के भतीजे और दिग्गज भाजपा नेता नरदेव चौधरी अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ देर रात थाने पहुंच गए। थाने के भीतर भाजपा नेता और कार्यवाहक थाना प्रभारी (SHO) के बीच जमकर तीखी नोकझोंक हुई, जिसके बाद भारी जनदबाव और हंगामे के आगे बेबस हुई पुलिस को हिरासत में लिए गए व्यक्ति को छोड़ना पड़ा। भाजपा नेता और पुलिस के बीच हुई इस सीधी भिड़ंत के बाद पूरे जिले के राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में खलबली मच गई है। पुलिसकर्मी से अभद्रता का आरोप प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह पूरा विवाद बरसाना क्षेत्र में चल रहे सरकारी विकास कार्य 'अमृत सरोवर योजना' की खुदाई से शुरू हुआ। बरसाना थाना पुलिस ने इस खुदाई कार्य में लगे एक स्थानीय व्यक्ति को देर शाम हिरासत में ले लिया था। स्थानीय पुलिसकर्मियों का आरोप था कि उक्त व्यक्ति ने ड्यूटी पर तैनात एक पुलिसकर्मी के साथ बदतमीजी और अभद्रता की थी, जिसके चलते उसे वैधानिक कार्रवाई के लिए थाने लाया गया था। विकास कार्य रोकने पर भड़के भाजपा नेता जैसे ही इस बात की भनक कैबिनेट मंत्री के प्रतिनिधि व भतीजे नरदेव चौधरी को लगी, वह रात में ही अपने आक्रोशित समर्थकों के साथ बरसाना थाने धमक पड़े। थाने पहुंचते ही नरदेव चौधरी ने कार्यवाहक थाना प्रभारी (SHO) अश्वनी कुमार से युवक को हिरासत में लेने का ठोस कारण पूछा। भाजपा नेता ने पुलिसिया कार्रवाई पर कड़ा ऐतराज जताते हुए आरोप लगाया कि पुलिस जानबूझकर महत्वपूर्ण विकास कार्यों को रोकने का प्रयास कर रही है और कर्मियों को प्रताड़ित कर रही है। देखते ही देखते भाजपा नेता नरदेव चौधरी और कार्यवाहक एसएचओ अश्वनी कुमार के बीच आमने-सामने की तीखी नोकझोंक शुरू हो गई। दोनों ओर से तीखे शब्दों के बाण चले और थाने का माहौल पूरी तरह गरमा गया। थाने के भीतर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी इस दौरान थाने के भीतर और बाहर मौजूद भारी संख्या में भाजपा समर्थकों ने स्थानीय पुलिसकर्मियों पर भ्रष्टाचार और द्वेषपूर्ण कार्रवाई करने के गंभीर आरोप लगाते हुए थाने में ही जोरदार नारेबाजी शुरू कर दी। लगभग एक घंटे तक बरसाना थाने में हाई-वोल्टेज ड्रामा और हंगामा चलता रहा। समर्थकों के उग्र तेवर और सत्तापक्ष के भारी दबाव को देखते हुए आखिरकार बरसाना पुलिस को बैकफुट पर आना पड़ा। अंततः पुलिस ने हिरासत में लिए गए व्यक्ति को बिना किसी बड़ी कानूनी कार्रवाई के छोड़ दिया, जिसके बाद भाजपा नेता उसे अपने साथ लेकर रवाना हो गए। [embedpress]https://www.instagram.com/reel/DZMUgvYCCv8/?utm_source=ig_web_copy_link&igsh=MzRlODBiNWFlZA[/embedpress] इलाके में चर्चाओं का बाजार गर्म देर रात हुए इस नाटकीय घटनाक्रम के बाद पूरे बरसाना और मथुरा क्षेत्र में यह मामला सबसे बड़ी चर्चा का विषय बन गया है। आम जनता के बीच इस बात की जमकर चर्चा हो रही है कि सत्ता के रसूख और राजनीतिक दबाव के आगे बरसाना पुलिस पूरी तरह बेबस और लाचार नजर आई, जहाँ पुलिस के सामने से ही भाजपा नेता पकड़े गए आरोपी को छुड़ा ले गए और खाकी मूकदर्शक बनी रही। हालांकि, इस पूरे संवेदनशील मामले और पुलिस की कार्यप्रणाली पर उठ रहे सवालों के बीच अभी तक मथुरा पुलिस के किसी भी आला अधिकारी का कोई आधिकारिक बयान या स्पष्टीकरण सामने नहीं आया है। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: Mathura News: यमुना एक्सप्रेसवे पर लग्जरी जैगवार कार बनी आग का गोला; सवार लोगो ने कूदकर बचाई जान ताजा खबरों के लिए आप हमारे WhatsApp Channel को जरूर सब्सक्राइब करें। [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]