यूनिक समय, नई दिल्ली। मध्य पूर्व (Middle East) में जारी महायुद्ध को रुकवाने और अमेरिका-इजरायल के साथ युद्धविराम कराने की पाकिस्तान की 'बिचौलिये' बनने की कोशिशों को ईरान ने करारा झटका दिया है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के अघोषित संदेशवाहक बनकर उभरे पाकिस्तान को तेहरान ने दो टूक जवाब देते हुए न केवल उनकी शर्तों को खारिज कर दिया, बल्कि मध्यस्थता की पेशकश को भी सिरे से नकार दिया है। इस कूटनीतिक अपमान के बाद पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ और आर्मी चीफ असीम मुनीर की साख अंतरराष्ट्रीय स्तर पर दांव पर लग गई है। ईरान का भीषण पलटवार शांति वार्ता को सिरे से ठुकराने के साथ ही ईरान ने युद्ध के मैदान में अपनी सैन्य ताकत का प्रदर्शन तेज कर दिया है, जिसके तहत पिछले 24 घंटों के भीतर अमेरिकी वायुसेना को अब तक का सबसे बड़ा जख्म देते हुए अत्याधुनिक F-35 और F-15 फाइटर जेट, एक A-10 एयरक्राफ्ट और कई मिलिट्री हेलीकॉप्टरों को मार गिराने का दावा किया गया है। बातचीत की मेज पर आने के बजाय ईरान द्वारा इजरायली और अमेरिकी ठिकानों पर किए गए इन अधिक आक्रामक हमलों ने आसमान में तबाही मचा दी है, जिससे मिडिल ईस्ट में जारी इस भीषण युद्ध के और भी ज्यादा व्यापक स्तर पर फैलने की गंभीर आशंका बढ़ गई है। पाकिस्तान की 'मिट्टी में मिली' साख पाकिस्तान ने ट्रंप प्रशासन को भरोसा दिया था कि वह ईरान को बातचीत की मेज पर ले आएगा, लेकिन तेहरान के कठोर रुख और किसी भी प्रकार की मध्यस्थता को ठुकराने के फैसले ने इस्लामाबाद की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 'बत्ती गुल' कर दी है। हालांकि 'डॉन' जैसे प्रमुख अखबारों और अंतरराष्ट्रीय मीडिया ने इस कूटनीतिक विफलता की पुष्टि की है, फिर भी पाकिस्तानी विदेश कार्यालय इन रिपोर्टों को "बेबुनियाद" बताकर अपनी मिट्टी में मिली साख बचाने की नाकाम कोशिश कर रहा है; आलम यह है कि लगातार संपर्क के बावजूद ईरानी नेतृत्व पाकिस्तान को कोई खास तवज्जो नहीं दे रहा है। ट्रंप को क्या जवाब देंगे मुनीर और शहबाज? पाकिस्तान के लिए सबसे बड़ी मुश्किल यह है कि उसने वाशिंगटन और तेहरान के बीच संदेशवाहक की भूमिका खुद ही ओढ़ी थी। अब जब ईरान ने किसी भी प्रकार के समझौते या पाकिस्तान में बैठक करने से इनकार कर दिया है, तो मुनीर और शहबाज के सामने ट्रंप को जवाब देना भारी पड़ रहा है। चीन ने भी ईरान से बातचीत में शामिल होने की अपील की थी, लेकिन 28 फरवरी को हुए हमले में अपने सर्वोच्च नेता खामेनेई को खोने वाला ईरान फिलहाल सिर्फ बदले की आग में जल रहा है। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: Ghaziabad: सिंगर सुनंदा शर्मा के लाइव कॉन्सर्ट के दौरान स्टेज पर चढ़ा सिरफिरा फैन; सिंगर ने बीच में ही रोका शो [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]