यूनिक समय, नई दिल्ली। भारत की आर्थिक शक्ति वैश्विक मंच पर तेजी से पैर पसार रही है। रियल एस्टेट कंसल्टेंट नाइट फ्रैंक द्वारा गुरुवार को जारी की गई 'द वेल्थ रिपोर्ट 2026' के 20वें संस्करण के अनुसार, भारत में अगले कुछ वर्षों में अल्ट्रा-रिच (UHNWIs) और अरबपतियों की संख्या में ऐतिहासिक उछाल आने वाला है। रिपोर्ट के मुताबिक, टेक्नोलॉजी और कैपिटल मार्केट्स में वेल्थ क्रिएशन की तेज रफ्तार के चलते भारत दुनिया के सबसे बड़े 'वेल्थ क्लब' में अपनी जगह मजबूत कर रहा है। UHNWI और अरबपतियों का अनुमानित आंकड़ा रिपोर्ट में भारत की बढ़ती संपत्ति को लेकर कुछ बेहद दिलचस्प आंकड़े पेश किए गए हैं। वर्तमान में भारत में 19,877 ऐसे लोग हैं जिनकी संपत्ति $30 मिलियन (लगभग ₹250 करोड़ से अधिक) है। 2031 तक यह संख्या बढ़कर 25,217 होने का अनुमान है। भारत में फिलहाल 207 अरबपति हैं (जो अमेरिका और चीन के बाद दुनिया में तीसरा सबसे बड़ा आंकड़ा है)। 2031 तक भारत में अरबपतियों की संख्या 51% बढ़कर 313 हो जाएगी। अमीरों का सबसे पसंदीदा ठिकाना भारत की आर्थिक राजधानी मुंबई आज भी देश के सबसे अमीर व्यक्तियों का गढ़ बनी हुई है। रिपोर्ट के अनुसार, भारत के कुल अल्ट्रा-हाई नेटवर्थ इंडिविजुअल्स का 35.4 प्रतिशत हिस्सा अकेले मुंबई में रहता है। वैश्विक स्तर पर, भारत अब UHNWI आबादी के मामले में छठे स्थान पर पहुँच चुका है। वेल्थ क्रिएशन के पीछे के मुख्य कारण नाइट फ्रैंक इंडिया के चेयरमैन शिशिर बैजल के मुताबिक, भारत में वेल्थ क्लब का यह विस्तार मजबूत आर्थिक नीतियों और एंटरप्रेन्योरियल सोच का परिणाम है, जिसमें टेक्नोलॉजी, डिजिटलाइजेशन, कैपिटल मार्केट्स की तेजी, प्राइवेट कैपिटल और वैश्विक स्तर पर जुड़े भारतीय संस्थापकों की बढ़ती संख्या ने मुख्य भूमिका निभाई है। वैश्विक परिदृश्य में भारत की स्थिति भले ही दुनिया भू-राजनीतिक अनिश्चितता और बढ़ती ब्याज दरों जैसी चुनौतियों से जूझ रही हो, लेकिन वैश्विक स्तर पर अमीरों की संख्या में तेजी देखी गई है। पिछले 5 वर्षों में भारत में अरबपतियों की संख्या में 58 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। वर्तमान में अरबपतियों के मामले में अमेरिका में 914 अरबपति, चीन में 485 अरबपति और भारत में 207 अरबपति हैं। नाइट फ्रैंक की यह रिपोर्ट स्पष्ट करती है कि भारत अब केवल एक उभरती हुई अर्थव्यवस्था नहीं है, बल्कि एक ऐसा देश बन चुका है जहाँ पूंजी, आधुनिक वित्तीय बाजार और नवाचार का अद्भुत संगम हो रहा है। यह भी पढ़े: UP Board Result 2026 Out: हाईस्कूल में 90.42% और इंटर में 80.38% छात्र सफल, यहाँ देखें अपना स्कोरकार्ड [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]