यूनिक समय, मथुरा। जनपद में सड़क हादसों की बढ़ती दर पर अंकुश लगाने के लिए प्रशासन ने एक व्यापक 'क्रिटिकल कॉरिडोर प्लान' तैयार किया है। राष्ट्रीय राजमार्ग-19 (NH-19), यमुना एक्सप्रेसवे और बरेली एक्सप्रेसवे जैसे प्रमुख मार्गों पर लोक निर्माण विभाग (PWD), परिवहन और पुलिस विभाग मिलकर एक नया सर्वे शुरू करने जा रहे हैं। इस सर्वे का मुख्य उद्देश्य उन 'डेथ जोन' या ब्लैक स्पॉट्स की पहचान करना है, जहाँ पिछले दो वर्षों में सबसे अधिक दुर्घटनाएं हुई हैं। 23 ब्लैक स्पॉट्स पर 'तीसरी आंख' का पहरा लोक निर्माण विभाग के मौजूदा आंकड़ों के अनुसार, जनपद में वर्तमान में 23 ब्लैक स्पॉट्स चिन्हित हैं। नए सर्वे के बाद इन संवेदनशील स्थानों की संख्या बढ़ने की संभावना है। प्रशासन ने निर्णय लिया है कि इन सभी स्थानों पर केवल चेतावनी बोर्ड ही नहीं, बल्कि अत्याधुनिक हाई-जूम सीसीटीवी कैमरे और स्पीड डिटेक्शन कैमरे लगाए जाएंगे। इसके अलावा, सड़क की बनावट में सुधार करते हुए आवश्यकतानुसार संकेतक, रिफ्लेक्टर और स्पीड ब्रेकर भी स्थापित किए जाएंगे ताकि चालक को खतरे का आभास पहले ही हो सके। एआरटीओ प्रशासन की सख्ती एआरटीओ प्रशासन नीतू सिंह ने जानकारी दी कि परिवहन और यातायात विभाग के संयुक्त सहयोग से हाई-टेक उपकरणों का जाल बिछाया जा रहा है। अब तेज रफ्तार, रेड लाइट जंप और खतरनाक ड्राइविंग करने वालों की खैर नहीं होगी। ये कैमरे न केवल नियमों का उल्लंघन करने वालों की तस्वीर कैद करेंगे, बल्कि उनके पते पर ऑटोमैटिक ई-चालान भी भेजेंगे। तकनीक के इस इस्तेमाल से मानवीय हस्तक्षेप कम होगा और यातायात व्यवस्था अधिक सुदृढ़ व पारदर्शी बन सकेगी। जागरूकता और सुरक्षा का साझा अभियान हादसों को रोकने के लिए केवल तकनीक ही काफी नहीं है, इसलिए पुलिस और परिवहन विभाग मिलकर एक जनजागरूकता अभियान भी चलाएंगे। इसके तहत वाहन चालकों को यातायात नियमों के प्रति सजग किया जाएगा। सर्वे के दौरान पिछले दो वर्षों के सड़क हादसों की विस्तृत रिपोर्ट का विश्लेषण किया जा रहा है ताकि यह समझा जा सके कि हादसे मानवीय भूल से हो रहे हैं या सड़क की खराब इंजीनियरिंग के कारण। इस पहल से मथुरा और आसपास के एक्सप्रेसवे पर यात्रा करने वाले लाखों यात्रियों के लिए सफर अधिक सुरक्षित होने की उम्मीद है। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: यूपी बोर्ड मूल्यांकन 2026: मूल्यांकन कार्य में लापरवाही बरतने वाले शिक्षकों को DIOS ने थमाया नोटिस, होगी कठोर कार्रवाई [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]