यूनिक समय, नई दिल्ली। असम की राजनीति में आज एक नया अध्याय जुड़ने जा रहा है। बीजेपी के कद्दावर नेता हिमंता बिस्वा सरमा आज दूसरी बार राज्य के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेंगे। गुवाहाटी के खनापारा स्थित वेटरिनरी कॉलेज फील्ड में सुबह 11:40 बजे आयोजित होने वाले इस भव्य समारोह की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। शपथ ग्रहण से पहले सरमा ने स्पष्ट किया कि उनकी नई सरकार का सबसे पहला और मुख्य फोकस पार्टी के चुनावी वादों और घोषणा पत्र को जमीन पर उतारना होगा। कैबिनेट की पहली बैठक में होंगे बड़े फैसले मीडिया से बातचीत के दौरान हिमंता बिस्वा सरमा ने अपने इरादे साफ कर दिए। उन्होंने कहा शपथ ग्रहण के तुरंत बाद कैबिनेट की पहली बैठक बुलाई जाएगी। इस बैठक का मुख्य एजेंडा चुनावी घोषणा पत्र के कार्यान्वयन की रूपरेखा तैयार करना होगा। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि मां कामाख्या और महापुरुष श्रीमंत शंकरदेव के आशीर्वाद से असम विकास की नई ऊंचाइयों को छुएगा। दिग्गजों की मौजूदगी में होगा राज्याभिषेक सरमा के शपथ ग्रहण समारोह को यादगार बनाने के लिए देश के बड़े राजनेता गुवाहाटी पहुंच रहे हैं। समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह शिरकत करेंगे। बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और एनडीए शासित विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्री भी इस ऐतिहासिक पल के गवाह बनेंगे। राज्यपाल लक्ष्मण प्रसाद आचार्य संविधान के अनुच्छेद 164(1) के तहत सरमा को पद और गोपनीयता की शपथ दिलाएंगे। असम चुनाव 2026: एनडीए की प्रचंड जीत असम विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों ने एक बार फिर हिमंता बिस्वा सरमा के सशक्त नेतृत्व पर मुहर लगा दी है, जहाँ एनडीए ने 126 सदस्यीय विधानसभा में क्लीन स्वीप करते हुए 102 सीटों पर प्रचंड जीत हासिल की है। इस शानदार प्रदर्शन में भारतीय जनता पार्टी ने अकेले 82 सीटें जीतकर स्पष्ट बहुमत प्राप्त किया है, जबकि उसकी सहयोगी पार्टियों एजीपी (AGP) और बीपीएफ (BPF) के खाते में 10-10 सीटें आई हैं। दूसरी ओर, मुख्य विपक्षी दल कांग्रेस गठबंधन को केवल 19 सीटों से संतोष करना पड़ा है, जबकि अन्य दलों में एआईयूडीएफ (AIUDF) और रायजोर दल को 2-2 सीटें तथा टीएमसी (TMC) को 1 सीट प्राप्त हुई है। विकास का 'असम मॉडल' असम के मुख्य सचिव रवि कोटा ने राज्यपाल के निर्देश पर नियुक्ति आदेश जारी कर दिया है। सरमा ने सोमवार को ही राज्यपाल से मिलकर सरकार बनाने का दावा पेश किया था। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि सरमा का दूसरा कार्यकाल असम के बुनियादी ढांचे, शिक्षा और उग्रवाद मुक्त राज्य की दिशा में और अधिक आक्रामक होगा। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: Mathura News: बरसाना प्रकरण में अधिवक्ता के पिता की तहरीर पर किया मुकदमा दर्ज; चेयरमैन की पत्नी सहित 44 को भेजा जेल [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]