Fri, Jun 5th, 2026
Advertisement
Ad
Advertisement
Ad

सावधान! गैस किल्लत के बीच ‘LPG सिलेंडर स्कैम’ सक्रिय; ‘एडवांस पेमेंट’ के चक्कर में खाली हो सकता है बैंक खाता

by Tarun Bhardwaj • March 13, 2026
Advertisement
Ad

यूनिक समय, नई दिल्ली। मिडिल ईस्ट में जारी तनाव और युद्ध की स्थितियों के बीच वैश्विक स्तर पर तेल-गैस की सप्लाई प्रभावित हुई है, जिसका असर भारत में रसोई गैस की उपलब्धता पर भी दिख रहा है। गैस एजेंसियों के बाहर लगी लंबी कतारों और किल्लत का फायदा अब साइबर अपराधी उठाने लगे हैं। ‘जल्दी डिलीवरी’ और ‘घर बैठे बुकिंग’ के नाम पर लोगों को ठगने के लिए स्कैमर्स ने एक नया जाल बुना है, जिसे लेकर गैस कंपनियों और साइबर एक्सपर्ट्स ने हाई अलर्ट जारी किया है।

कैसे काम कर रहा है यह नया ‘LPG फ्रॉड’?

साइबर अपराधी वर्तमान में गैस की किल्लत और आपदा जैसी स्थितियों का फायदा उठाकर लोगों की मजबूरी को ठगी के अवसर के रूप में इस्तेमाल कर रहे हैं। ये जालसाज वॉट्सऐप और SMS के जरिए ‘अभी भुगतान करें और कल सिलेंडर पाएं’ जैसे संदेश भेजकर लोगों को जल्दी डिलीवरी का लालच देते हैं, जिससे भीड़ से बचने के चक्कर में लोग उनके फर्जी लिंक्स पर क्लिक कर बैठते हैं।

इसके साथ ही, स्कैमर्स फेसबुक और इंस्टाग्राम जैसे सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर Indane, HP और Bharat Gas जैसी प्रतिष्ठित कंपनियों के लोगो का इस्तेमाल कर फर्जी विज्ञापन चला रहे हैं, जिनमें दिए गए ‘बुकिंग लिंक’ असल में फिशिंग साइट्स होती हैं जो बैंक डिटेल्स चुरा लेती हैं। गैस एजेंसियों पर लंबी कतारों की खबरों के बीच लोग डर और जल्दबाजी में एडवांस पेमेंट कर रहे हैं, जिसका फायदा उठाकर अपराधी सीधे अपने खातों में पैसे ट्रांसफर करवा लेते हैं।

गैस कंपनियों का स्पष्ट संदेश

देश की प्रमुख तेल कंपनियों (IOCL, BPCL, HPCL) ने ग्राहकों को सचेत करते हुए कहा है कि आधिकारिक गैस बुकिंग प्रक्रिया में डिलीवरी से पहले पेमेंट की कोई अनिवार्यता नहीं होती। कंपनियां कभी भी किसी अनजान नंबर से बुकिंग के लिए ‘UPI पिन’ या ‘OTP’ की मांग नहीं करती हैं।

ठगी से बचने के लिए क्या करें और क्या न करें?

  • साइबर ठगी से सुरक्षित रहने के लिए विशेषज्ञों ने सलाह दी है कि गैस बुकिंग के लिए हमेशा कंपनी की आधिकारिक वेबसाइट, आईवीआर (IVR) नंबर या अधिकृत मोबाइल ऐप जैसे भरोसेमंद माध्यमों का ही चुनाव करें।
  • वॉट्सऐप या SMS पर प्राप्त होने वाले किसी भी संदिग्ध लिंक, विशेषकर ‘एडवांस पेमेंट’ की मांग करने वाले संदेशों से दूरी बनाए रखें और उन पर क्लिक करने की गलती न करें।
  • अपनी बैंकिंग गोपनीयता बनाए रखना अत्यंत आवश्यक है, इसलिए अपना UPI पिन, ओटीपी या कार्ड की जानकारी कभी किसी के साथ साझा न करें; यह ध्यान रखें कि पैसा प्राप्त करने के लिए किसी पिन की आवश्यकता नहीं होती है।

सोशल मीडिया पर दिखने वाले विज्ञापनों की सत्यता जांचने के लिए हमेशा संबंधित कंपनी के आधिकारिक हैंडल से पुष्टि करें और किसी भी लुभावने ऑफर पर आंख मूंदकर भरोसा न करें। यदि आप किसी भी प्रकार के ऑनलाइन फ्रॉड का शिकार हो जाते हैं, तो तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 पर कॉल करें या आधिकारिक पोर्टल पर अपनी शिकायत दर्ज कराएं, क्योंकि समय पर दी गई सूचना आपके धन की रिकवरी में सहायक हो सकती है।

नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें।

यह भी पढ़े: Menstrual Leave: सुप्रीम कोर्ट ने जनहित याचिका खारिज करते हुए जताई बड़ी चिंता; “करियर पर पड़ेगा बुरा असर”

Advertisement
Ad

Leave a Reply

Your email address will not be published.

Delhi Fire Case: साकेत कोर्ट ने होटल मालिक को 4 दिन की पुलिस रिमांड पर भेजा हैदराबाद के अमीरपेट में ‘हेलमेट बाजार’ में भीषण अग्निकांड पहले से ज्यादा बोल्ड हुआ फ्रंट डिजाइन और एक्सटीरियर लुक के साथ Toyota Innova Crysta लॉन्च विनेश फोगाट विवाद में WFI को सुप्रीम कोर्ट से झटका केरल में मानसून की धमाकेदार दस्तक, दिग्गज फिल्म निर्माता और पूर्व CBFC चीफ पहलाज निहलानी का 76 वर्ष की उम्र में निधन कोसीकलां में 7 साल की बच्ची के साथ 30 साल के युवक ने की दरिंदगी मुजफ्फरपुर में प्राइवेट अस्पताल के ICU में आग लगने से 5 लोगों की मौत