नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को दिल्ली के द्वारका में यशोभूमि का उद्घाटन किया। इसके साथ ही उन्होंने पीएम विश्वकर्मा योजना लॉन्च किया। उन्होंने विश्वकर्मा योजना के लाभार्थियों को आईडी कार्ड दिए। इस दौरान तमिलनाडु से आए मछली पकड़ने का जाल बनाने वाले एक वृद्ध नरेंद्र मोदी से मिलकर भावुक हो गए। पीएम मोदी ने उन्हें गले लगा लिया। पीएम से मिलकर भावुक होने वाले वृद्ध का नाम के पलानिवेल है। https://twitter.com/MeghUpdates/status/1703422916266987614?ref_src=twsrc%5Etfw%7Ctwcamp%5Etweetembed%7Ctwterm%5E1703422916266987614%7Ctwgr%5E83407989eb08857a623a4c5d98543b9a8ee7696d%7Ctwcon%5Es1_&ref_url=https%3A%2F%2Fhindi.asianetnews.com%2Fnational-news%2Ftamil-nadu-fishing-net-maker-turns-emotional-hugs-pm-narendra-modi-vva%2Farticleshow-8x8lnpy पीएम विश्वकर्मा योजना लॉन्च करने के बाद पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा कि केंद्र सरकार इस योजना में 13 हजार करोड़ रुपए खर्च करने जा रही है। देशभर के कारीगर पीएम विश्वकर्मा पोर्टल पर जाकर या सामान्य सेवा केंद्रों के माध्यम से इस योजना के लिए निःशुल्क रजिस्ट्रेशन करा सकते हैं। पीएम विश्वकर्मा योजना के लाभार्थियों को केंद्र सरकार की ओर से उनके हुनर से जुड़ी ट्रेनिंग दी जाएगी। उन्हें मशीनों का इस्तेमाल सिखाया जाएगा ताकि वे उनका इस्तेमाल कर सकें। ट्रेनिंग के बाद उन्हें पीएम विश्वकर्मा प्रमाण पत्र और आईडी कार्ड के माध्यम से मान्यता प्रदान की जाएगी। योजना के लाभार्थियों को टूलकिट खरीदने के लिए 15 हजार रुपए दिए जाएंगे। ट्रेनिंग के बाद बिना किसी गारंटी के उन्हें 1 लाख रुपए का लोन मिलेगा। इससे वे अपने कारोबार को बढ़ा सकेंगे। लोन पर 5 फीसदी की दर से ब्याज लिया जाएगा। एक लाख रुपए का लोन चुका देने पर दो लाख रुपए लोन की दूसरी किश्त मिलेगी। इसे चुकाने पर तीन लाख रुपए का लोन मिलेगा।