लंदन। कनाडा के बाद अब (UK) यूनाइटेड किंगडम में कट्टरपंथी सिखों ने भारत विरोधी काम किया है। यूके के स्कॉटलैंड के एक गुरुद्वारा में भारत के उच्चायुक्त विक्रम दोराईस्वामी को आमंत्रित किया गया था। दोराईस्वामी गुरुद्वारा पहुंचे तो कट्टरपंथियों ने उनके साथ बदतमीजी की। उन्हें कार से नहीं उतरने दिया। दोराईस्वामी को कहा गया कि आपका यहां स्वागत नहीं है। https://twitter.com/TrulyMonica/status/1707991822813868121?ref_src=twsrc%5Etfw%7Ctwcamp%5Etweetembed%7Ctwterm%5E1707991822813868121%7Ctwgr%5E709928da7ee89e5cdabab77b0bacfbf3489c50e9%7Ctwcon%5Es1_&ref_url=https%3A%2F%2Fhindi.asianetnews.com%2Fworld-news%2Findian-envoy-stopped-from-entering-scotland-gurdwara-by-radical-sikh-activists-vva%2Farticleshow-9xurgm5 दोरईस्वामी UK में भारत के उच्चायुक्त हैं। उन्हें शुक्रवार को स्कॉटलैंड के एक गुरुद्वारे में प्रवेश करने से रोक दिया गया। यह घटना खालिस्तानी आतंकवादी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या पर भारत और कनाडा के बीच राजनयिक विवाद के बीच हुई है। एक खालिस्तान समर्थक ने कहा कि उनमें से कुछ को पता चला कि दोरईस्वामी की अल्बर्ट ड्राइव पर ग्लासगो गुरुद्वारा की गुरुद्वारा समिति के साथ एक बैठक होने वाली है। कुछ लोग आए और उनसे कहा कि उनका स्वागत नहीं है। थोड़ी झड़प हुई। बता दें कि 18 जून को कनाडा के ब्रिटिश कोलंबिया के सरे में खालिस्तानी आतंकी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या कर दी गई थी। कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने इस हत्याकांड में भारत सरकार के एजेंटों के हाथ होने के आरोप लगाए हैं। इसके बाद से कनाडा और भारत के बीच राजनयिक विवाद गहरा गया है। भारत ने कनाडा के नागरिकों के लिए वीजा बंद कर दिया है। भारत ने ट्रूडो के आरोप को बेतूका और प्रेरित बताया है। भारत ने कहा है कि कनाडा द्वारा आरोपों के समर्थन में सबूत नहीं दिए गए हैं। कनाडा अपराधियों और आतंकियों को संरक्षण दे रहा है। कनाडा में भारत विरोधी गतिविधियां की जा रहीं हैं। भारतीय राजनयिकों को धमकी दी जा रही है।