यूनिक समय, नई दिल्ली। देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा 'नीट-यूजी 2026' (NEET-UG 2026) पेपर लीक मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने बेहद सख्त रुख अख्तियार किया है। मामले की सुनवाई के दौरान शीर्ष अदालत ने तल्ख टिप्पणी करते हुए कहा कि यह पूरा विवाद सिर्फ छात्रों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह उनके पूरे परिवारों के लिए एक मानसिक और बेहद दर्दनाक स्थिति पैदा करता है। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि देश के लाखों छात्र डॉक्टर बनने के सपने के साथ दिन-रात कड़ी मेहनत करते हैं, ऐसे में अगर परीक्षा की पूरी प्रक्रिया और शुचिता पर ही गंभीर सवाल खड़े हो जाएं, तो यह सीधे तौर पर हमारे युवाओं का भरोसा तोड़ने जैसा है। अदालत ने साफ लफ्जों में कहा कि युवाओं को किसी भी कीमत पर निराश नहीं किया जाना चाहिए और इस पूरी गड़बड़ी में जवाबदेही तय होना बेहद जरूरी है। खुद प्रधानमंत्री मोदी रख रहे हैं नजर सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई के दौरान केंद्र सरकार का पक्ष रखते हुए देश के सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने अदालत को आश्वस्त किया कि सरकार देश के लाखों छात्रों और उनके अभिभावकों की चिंताओं को लेकर पूरी तरह गंभीर है। उन्होंने कोर्ट के सामने एक बड़ा खुलासा करते हुए बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी खुद इस पूरे संवेदनशील मामले की बारीकी से निगरानी (मॉनिटरिंग) कर रहे हैं, ताकि जांच और सुधार की प्रक्रिया में किसी भी स्तर पर कोई कमी न रह जाए। सरकार इस पूरे सिस्टम को पारदर्शी बनाने के लिए प्रतिबद्ध है। अब 21 जून 2026 को दोबारा आयोजित होगी परीक्षा मालूम हो कि इस साल नीट-यूजी 2026 परीक्षा का आयोजन बीते 3 मई को किया गया था, लेकिन देशव्यापी स्तर पर प्रश्नपत्र लीक होने के पुख्ता आरोपों और भारी हंगामे के बाद इसे पूरी तरह रद्द कर दिया गया था। अब राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) ने नई तारीखों का ऐलान कर दिया है। यह परीक्षा अब दोबारा 21 जून 2026 को आयोजित की जाएगी। एनटीए ने छात्रों को बड़ी राहत देते हुए स्पष्ट किया है कि इस दोबारा होने वाली परीक्षा के लिए अभ्यर्थियों से किसी भी प्रकार का कोई अतिरिक्त या नया शुल्क (फीस) नहीं लिया जाएगा। छात्रों को वापस मिलेगी एग्जाम फीस परीक्षा रद्द होने के बाद एनटीए ने सभी प्रभावित उम्मीदवारों की एग्जाम फीस वापस करने की कवायद युद्धस्तर पर शुरू कर दी है। एजेंसी द्वारा जारी आंकड़ों के अनुसार, अब तक देश भर के करीब 13 लाख उम्मीदवार रिफंड पाने के लिए आधिकारिक पोर्टल पर अपने बैंक खाते की जानकारी अपडेट कर चुके हैं। छात्रों को सहूलियत देते हुए एनटीए ने बैंक डिटेल अपडेट करने की आखिरी तारीख को बढ़ाकर अब 22 जून 2026 कर दिया है। जो छात्र किसी कारणवश अभी तक अपनी बैंकिंग जानकारी पोर्टल पर दर्ज नहीं कर पाए हैं, वे बिना देरी किए ऑफिशियल पोर्टल पर जाकर इस प्रक्रिया को पूरा कर सकते हैं। हालांकि, एजेंसी ने छात्रों को सावधानी बरतने की हिदायत देते हुए साफ कहा है कि एक बार बैंक खाता विवरण सबमिट होने के बाद उसमें दोबारा सुधार या बदलाव का कोई मौका नहीं दिया जाएगा। जिन छात्रों ने पहले सफलतापूर्वक फीस जमा की थी, उन सभी को उनका पूरा पैसा वापस लौटाया जा रहा है। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: Hai Jawani Toh Ishq Hona Hai: फिल्म की रिलीज पर खतरा; वासु भगनानी ने मेकर्स के खिलाफ ठोका 400 करोड़ का मुकदमा [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]