यूनिक समय, नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश के लाखों सरकारी कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए आज का दिन बेहद मंगलमय और बड़ी खुशखबरी लेकर आया है। लगातार बढ़ती महंगाई के बीच मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार ने राज्य कर्मियों को एक शानदार और बड़ा आर्थिक तोहफा दिया है। प्रदेश सरकार ने राज्य कर्मचारियों और पेंशनर्स के महंगाई भत्ते (Dearness Allowance - DA) और महंगाई राहत (DR) में 2 प्रतिशत की बढ़ोतरी के प्रस्ताव को आधिकारिक मंजूरी दे दी है। सरकार के इस बड़े फैसले के बाद अब राज्य कर्मियों का डीए 58 फीसदी से बढ़कर सीधे 60 फीसदी के ऐतिहासिक आंकड़े पर पहुंच गया है। अपर मुख्य सचिव (ACS) वित्त, दीपक कुमार ने इस संबंध में विस्तृत दिशानिर्देश और आधिकारिक आदेश जारी कर दिए हैं। सरकार के इस कल्याणकारी कदम से न केवल कर्मचारियों की टेक-होम सैलरी (Net Salary) में बंपर इजाफा होगा, बल्कि इस त्योहारी और महंगाई के सीजन में उनके घर का मासिक बजट भी काफी मजबूत और तनावमुक्त हो जाएगा। 16 लाख से ज्यादा परिवारों को मिलेगा सीधा लाभ वित्त विभाग द्वारा जारी किए गए शासनादेश के मुताबिक, इस फैसले का सीधा लाभ उत्तर प्रदेश के करीब 16 लाख से अधिक सरकारी अधिकारियों, राज्य कर्मचारियों, सहायता प्राप्त शिक्षण संस्थानों, तकनीकी शिक्षण संस्थानों व स्थानीय निकायों के कर्मियों और लाखों पेंशनर्स को मिलेगा। इस बढ़ोतरी से राज्य के सरकारी खजाने पर हर साल करोड़ों रुपये का अतिरिक्त वित्तीय बोझ जरूर बढ़ेगा, लेकिन सरकार ने कर्मचारियों के हितों को सर्वोपरि रखते हुए यह राहत दी है। इसके साथ ही कर्मचारियों के लिए एक और अच्छी बात यह है कि उन्हें जनवरी से लेकर अप्रैल तक का पिछले महीनों का मोटा एरियर (Arrear) भी उनके बैंक खाते में एक साथ ट्रांसफर किया जाएगा। सैलरी में कितनी होगी बढ़ोतरी? योगी सरकार द्वारा महंगाई भत्ते (DA) में की गई 2 प्रतिशत की इस बढ़ोतरी के बाद कर्मचारियों की सैलरी में होने वाले इजाफे का गणित पूरी तरह से उनके पे-मैट्रिक्स की बेसिक सैलरी (मूल वेतन) पर निर्भर करता है। इसे सीधे और आसान उदाहरणों से समझा जा सकता है कि इस नए फैसले से हर महीने कर्मचारियों की जेब में कितने अतिरिक्त रुपये आएंगे। शुरुआती या कमर्शियल स्तर के उन कर्मचारियों के लिए जिनकी बेसिक सैलरी ₹35,000 है, उन्हें पहले 58 फीसदी डीए के गणित से ₹20,300 मिलते थे, जो अब 60 फीसदी डीए होने के बाद ₹21,000 हो जाएंगे और इस तरह उनके मासिक वेतन में ₹700 का सीधा फायदा देखने को मिलेगा। इसी तरह मध्यम स्तर के कर्मियों की बात करें, तो ₹50,000 बेसिक सैलरी वाले कर्मचारियों को पहले ₹29,000 महंगाई भत्ता मिलता था, जो अब नए नियमों के तहत बढ़कर ₹30,000 हो जाएगा और उनकी मासिक इनहैंड सैलरी में ₹1,000 की साफ बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी। इसके अलावा, वरिष्ठ अधिकारी स्तर या विभागाध्यक्षों के वेतन में यह इजाफा और भी बड़ा होने वाला है, क्योंकि ₹1,00,000 या उससे अधिक बेसिक सैलरी पाने वाले अधिकारियों की मासिक तनख्वाह में ₹2,000 से लेकर ₹5,000 तक का बंपर फायदा जुड़ेगा। योगी सरकार के पूरे फैसले को धरातल पर उतारने के लिए राज्य के वित्त विभाग ने भी अपनी मुस्तैदी दिखा दी है और सभी संबंधित ट्रेजरी तथा आहरण-वितरण अधिकारियों (DDO) को कड़े निर्देश जारी कर दिए हैं कि वे इन संशोधित और बढ़ी हुई दरों के आधार पर ही अगले महीने के वेतन बिल तैयार करें, ताकि प्रदेश के लाखों कर्मचारियों को बिना किसी देरी के इस बढ़ी हुई सैलरी का लाभ मिल सके। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: Breaking: पुलवामा हमले से जुड़ा मोस्ट वांटेड आतंकी हमजा बुरहान PoK में ढेर; UAPA के तहत था आतंकवादी घोषित [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]