यूनिक समय, नई दिल्ली। सरकार के साथ हुई वार्ता के बाद खत्म हुए आंदोलन में एक बार फिर तल्खी आ गई है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के प्रवक्ता आशुतोष रांका ने सरकार पर समझौते के गंभीर उल्लंघन का सीधा आरोप लगाते हुए एक बार फिर से देशव्यापी आंदोलन शुरू करने की चेतावनी दे दी है। उन्होंने केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा और डॉ. जितेंद्र सिंह को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म 'X' (पूर्व में ट्विटर) पर टैग करते हुए पुलिसिया कार्रवाई और छात्रों की धरपकड़ पर कड़ी आपत्ति जताई है। आशुतोष ने साफ किया है कि यदि उनकी मांगें तुरंत पूरी नहीं की गईं, तो पार्टी कार्यकर्ता दोबारा सड़कों पर उतरकर धरने पर बैठने को मजबूर होंगे। सरकार और पुलिस पर समझौते को तोड़ने का गंभीर आरोप आशुतोष रांका का कहना है कि सरकार के साथ हुई बातचीत में यह स्पष्ट तौर पर तय हुआ था कि किसी भी प्रदर्शनकारी छात्र या वालंटियर पर पुलिस द्वारा दंडात्मक कार्रवाई नहीं की जाएगी। हालांकि, इस वादे को अब पूरी तरह से तोड़ा जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि बिहार और पश्चिम बंगाल में सैकड़ों निर्दोष छात्रों को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है, दिल्ली समेत कई राज्यों में खुफिया एजेंसियां छात्रों पर नजर रखकर उन्हें बेवजह परेशान कर रही हैं तथा आंदोलन के दौरान प्रदर्शनकारियों तक भोजन और रसद पहुँचाने वाले वालंटियर्स को भी पुलिस हिरासत में ले रही है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) की 3 प्रमुख मांगें कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) की तीन प्रमुख मांगों के तहत प्रदर्शन में शामिल छात्रों व समर्थकों के खिलाफ दर्ज सभी एफआईआर को तुरंत रद्द करके गिरफ्तार छात्रों को बिना शर्त रिहा करने की मांग की गई है। इसके साथ ही समझौते के अनुरूप दिल्ली पुलिस, केंद्रीय जांच एजेंसियों और भाजपा-गठबंधन शासित राज्यों की पुलिस द्वारा छात्रों के खिलाफ भविष्य में कोई भी नई एफआईआर दर्ज न करने की बात कही गई है। अंत में, रांका ने चेतावनी दी है कि कानूनी मामलों की वापसी और दंडात्मक कार्रवाई पर रोक से जुड़े समझौते का लिखित मसौदा तय समय-सीमा के अनुसार कल तक पार्टी के साथ साझा किया जाए। कड़े शब्दों में अल्टीमेटम केंद्रीय मंत्रियों को सीधे पत्र लिखकर आशुतोष रांका ने कड़े शब्दों में चेतावनी दी है कि सरकार अपने वादे से मुकरने की कोशिश न करे। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि इन जायज मांगों को नजरअंदाज किया गया और वादे के मुताबिक पुलिसिया कार्रवाई पर तुरंत रोक नहीं लगी, तो उनके पास दोबारा बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन शुरू करने के अलावा कोई विकल्प नहीं बचेगा। उल्लेखनीय है कि व्यंग्य से शुरू हुआ 'कॉकरोच जनता पार्टी' का यह आंदोलन आज एक राष्ट्रीय बहस का रूप ले चुका है, और इस चेतावनी के बाद केंद्र सरकार और एजेंसियों की अगली कार्रवाई पर सबकी नजरें टिक गई हैं। नोट: यूनिक समय को गूगल पर अपने पसंदीदा समाचार स्रोत के रूप में जोड़ने के लिए यहां क्लिक करें। यह भी पढ़े: Breaking: NEET के बाद अब गुजरात आयुर्वेद यूनिवर्सिटी में पेपर लीक की आशंका; BAMS परीक्षा से पहले WhatsApp पर वायरल हुए सवाल ताजा खबरों के साथ अपडेट रहने के लिए हमारे WhatsApp Channel को जरूर सब्सक्राइब करें। [web_stories title="true" excerpt="false" author="false" date="false" archive_link="true" archive_link_label="" circle_size="150" sharp_corners="false" image_alignment="left" number_of_columns="1" number_of_stories="8" order="DESC" orderby="post_date" view="carousel" /]